मोदी विजन के दम पर पहली बार प्रचंड बहुमत से केंद्र में सरकार बनाने के बाद भाजपा अब दिल्ली के सिंहासन पर भी फतह की तैयारियों में जुटी है। दिल्ली पर नजर रखने के लिए शाह का एक वॉर रुम तैयार किया गया है। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने वार रूम का जिम्मा वरिष्ठ नेता आरपी सिंह को दिया है, जिन्होंने अपनी रणनीति से लोकसभा समेत पांच राज्यों में पार्टी को जीत दिलाई है। (सभी फोटो: जी पॉल/अमर उजाला, नई दिल्ली)
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PICS: आपने देखा जीत के जादूगर का दिल्ली वॉर रूम
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आरपी सिंह का साथ देने के लिए नरेंद्र टंडन और कुलजीत चहल हैं। इसके अलावा दस अन्य सदस्य भी हैं। आरपी सिंह के मुताबिक, वार रूम 24 घंटे खुला रहता है। वे सुबह 6 से रात 2 बजे तक तैयारियों में जुटे होते हैं। वहीं, वार रूम के बाहर फील्ड में डॉ. अनिल जैन प्रत्याशियों संग मतदाताओं और पार्टियों पर नजर रखे हुए हैं। आरपी सिंह वार रूम के साथ डॉ. जैन से फील्ड की सूचनाएं लेकर मैदाने जंग की रणनीति बदलते रहते हैं।
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मूल रूप से अलीगढ़ निवासी आरपी सिंह वर्तमान में पुष्प विहार स्थित घर के ऑफिस से सुबह 6 से 8 बजे तक बड़े नेताओं से बात करके टाइमिंग सेट करते हैं। कभी मेट्रो तो कभी डीटीसी बस से प्रदेश भाजपा के मुख्यालय पहुंचते हैं। रास्ते में यात्रियों से चर्चा करके मुद्दों के साथ कमियों को नोट करते हुए रिपोर्ट आलाकमान यानी अमित शाह को भेजते हैं। 8 से 9 बजे तक प्रदेश मुख्यालय पहुंच जाते हैं।
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इसके बाद वार रूम से फील्ड के बीच सीधे प्रचार की जंग शुरू होती है। लंच का टाइम नहीं होता है और इसी के साथ रात को दस से अधिक गठित कमेटियों के हेड सहित बारह लोगों के साथ बैठक कर अगले दिन की रणनीति तय होती है।
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यहां पर अत्याधुनिक तरीके से सारे आंकड़ों का अपडेट कर हर कार्यकर्ता और नेता पर नजर रखने का काम भी हो रहा है। सिंह कहते हैं कि सोशल मीडिया ने चुनावी दृष्टिकोण को बदल कर रख दिया है, जिससे वे बेहद खुश हैं। अब मतदाताओं से कुछ भी छिपा नहीं है, क्योंकि पार्टियों से अधिक कार्यकर्ता बनाम यूजर्स सोशल मीडिया पर प्रत्याशियों पर राय रख देते हैं। सोशल मीडिया के चलते पारंपरिक चुनावी प्रचार में कमी आई है, लेकिन नुक्कड़ नाटक आज भी पसंद किए जाते हैं। इसका बदलाव वार रूम में भी आप देख सकते हैं।
मुख्यालय में यूं तो सभी प्रत्याशी पार्टी के लिए समान हैं, लेकिन किरण बेदी के लिए विशेष रणनीति के तहत प्रचार की योजना तैयार की जा रही है। मुख्यालय से लेकर किरण के विधानसभा क्षेत्र समेत उनके घर में भी रणनीति तैयार होती है, जिसकी पूरी डिटेल पंत मार्ग और फिर अशोक रोड पहुंचती है। बीजेपी कोर कमेटी में तय रणनीति के तहत वार रूम के दूसरे इंचार्ज नरेंद्र टंडन खास तौर पर कृष्णा नगर विधानसभा में बेदी का प्रचार संभाल रहे हैं।