16 दिसंबर, साल 2012 में राजधानी दिल्ली में हुए निर्भया गैंगरेप मामले में आज दोषियों की फांसी की तारीख का एलान हो चुका है। निर्भया के चारों गुनहगारों को 22 जनवरी 2020 को सुबह सात बजे फांसी दी जाएगी। हालांकि इन 14 दिनों में दोषियों के पास क्यूरेटिव पिटिशन दायर करने का पूरा समय और अधिकार रहेगा। गौरतलब है कि पिछले साल सुप्रीम कोर्ट ने दोषियों की पुनर्विचार याचिका खारिज कर दी थी।
उससे पहले 5 मई, साल 2017 को इस मामले की सुनवाई के दौरान उच्चतम न्यायालय ने चारों दोषियों की फांसी की सजा बरकरार रखी थी। बता दें कि मामले में मौत की सजा पाए चौथे आरोपी अक्षय कुमार सिंह (31) ने सुप्रीम कोर्ट के 5 मई 2017 के फैसले के खिलाफ समीक्षा याचिका दायर नहीं की थी।
बीते कुछ दिनों से तिहाड़ में फांसी की प्रक्रिया के तहत कई निर्माण कार्य हो चुके हैं। हाल ही में एक नया फांसी घर बनाया गया है और अब चारों दोषियों को साथ में ही फांसी होगी। दोषी पवन गुप्ता जो मंडोली जेल में थे दिसंबर में तिहाड़ जेल में लाया गया था। आइए जानते हैं निर्भया को अपनी हवस का शिकार बनाने वाले उन दोषियों के बारे में, जिन्होंने मानवता को शर्मसार कर दिया। इन सभी दोषियों को अदालत ने फांसी की सजा सुनाई है।