फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

'सामान ढोने वाले ठेले से ढोए शव': 44 वर्षों में नहीं देखी कभी ऐसी भीड़; कुलियों ने बताई भगदड़ की खौफनाक कहानी

Sun, 16 Feb 2025 12:28 PM IST
अनुज कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

New Delhi Railway Station Stampede Eyewitness:बीती रात प्रयागराज जाने वाली ट्रेन को पकड़ने के लिए भारी संख्या में यात्री नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंचे। जहां पर प्लेटफॉर्म संख्या 14 और 15 पर नई ट्रेन की घोषणा के बाद माहौल बिगड़ गया। यहां जानिए प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कैसे हुआ नई दिल्ली स्टेशन के प्लेटफॉर्म पर हादसा...
विज्ञापन
1 of 6
नई दिल्ली रेलवे स्टेशन हादसा - फोटो : अमर उजाला
Stampede at New Delhi Railway Station News: नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर 15 फरवरी की रात अफरा-तफरी मच गई, जिसमें अब तक 18 लोगों की मौत हो चुकी है। इस घटना के दौरान कई लोगों ने बेहोश लोगों को ट्रेन के अंदर और भीड़ से बाहर निकाला। सबसे ज्यादा स्टेशन पर मौजूद कुलियों ने लोगों की मदद की। प्रत्यक्षदर्शियों ने इस घटना को लेकर उस वक्त के माहौल को लेकर आंखों देखी सारी बात बताई। एक कुली ने बताया कि 44 सालों में मैंने कभी इतनी भीड़ नहीं देखी। दूसरे कुली ने कहा कि हमने हाथों पर शव ढोए।
विज्ञापन

2 of 6
नई दिल्ली रेलवे स्टेशन हादसा - फोटो : PTI
हमने शवों को एंबुलेंस तक पहुंचाया
स्टेशन पर मौजूद कुली कृष्ण कुमार जोगी ने घटना के बारे में बताते हुए कहा कि प्रयागराज जाने वाली ट्रेन के आने पर भीड़ बढ़ गई थी। फुटओवर पर भारी भीड़ जमा हो गई थी। लोग इतने कसकर भरे हुए थे कि कई लोगों का दम घुटने लगा था। करीब 10 से 15 लोगों ने वहीं अपनी जान गंवा दी। आगे बताया कि मैंने पूरी घटना देखी। हमने शवों को प्लेटफॉर्म नंबर 14 और 15 से एंबुलेंस तक पहुंचाया। भीड़ में दबे लोगों में बच्चे और महिलाएं भी शामिल थीं। जिन्हें भीड़ में सांस लेने में कठिनाई हो रही थी।

वहीं दूसरी तरफ भगदड़ मामले पर उत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी (सीपीआरओ) हिमांशु उपाध्याय ने कहा कि कुछ लोग जो फुटओवर ब्रिज से उतरकर प्लेटफॉर्म नंबर 14 और 15 की ओर सीढ़ियों से आ रहे थे, फिसलकर दूसरों पर गिर गए। 
विज्ञापन

3 of 6
नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर भारी भीड़ के चलते भगदड़। कई लोग घायल - फोटो : पीटीआई
हमने शवों को ठेलों पर लेकर गए: कुली बलराम
वहीं कुली बलराम ने घटना के दृश्य को याद करते हुए बताया कि हम शवों को ठेले पर ले जा रहे थे, वहीं ठेले जो हम सामान के लिए इस्तेमाल करते हैं। कुली के तौर पर अपने 15 सालों में मैंने इतनी बड़ी भीड़ कभी नहीं देखी। 

एक अन्य कुली ने बताया कि बीती रात करीब 9:30 बजे जब प्रयागराज जाने वाली ट्रेन प्लेटफॉर्म पर थी, तब वहां भीड़ उमड़ पड़ी थी। उन्होंने कहा कि लोगों के जूते, चप्पल और अन्य सामान हर जगह बिखरे पड़े थे। हमने कई बच्चों और बुजुर्गों को इस अफरातफरी से बाहर निकाला।

4 of 6
नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर भारी भीड़ के चलते भगदड़। कई लोग घायल - फोटो : अमर उजाला
'44 साल में नहीं देखी ऐसी भीड़'
रेलवे स्टेशन पर कुली का काम करने वाले एक व्यक्ति ने बताया कि मैं 1981 से कुली का काम कर रहा हूं। लेकिन पहले कभी ऐसी भीड़ नहीं देखी थी। प्रयागराज स्पेशल को प्लेटफॉर्म नंबर 12 से रवाना होना था, लेकिन इसे प्लेटफॉर्म नंबर 16 पर शिफ्ट कर दिया गया। जब प्लेटफॉर्म 12 पर इंतज़ार कर रही भीड़ और बाहर से इंतजार कर रही भीड़ प्लेटफॉर्म 16 पर पहुंचने की कोशिश कर रही थी, तो लोग आपस में टकराने लगे और एस्केलेटर और सीढ़ियों पर गिरने लगे।
विज्ञापन

5 of 6
ट्रेन में चढ़ने को लेकर मारामारी - फोटो : पीटीआई
प्रत्यक्षदर्शी ने बताई कैसे मची भगदड़
नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर बीती रात मची भगदड़ के बाद एक प्रत्यक्षदर्शी ने बताया कि भीड़ को नियंत्रित करने के लिए वहां कोई नहीं था। इसी दौरान रेलवे की तरफ से घोषणा कर दी गई कि 12 नंबर प्लेटफॉर्म पर आने वाली ट्रेन 16 नंबर पर आ रही है। इसके बाद भीड़ दोनों तरफ से आ गई और भगदड़ हो गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
ट्रेन में चढ़ने को लेकर मारामारी - फोटो : पीटीआई
रेलवे ने किया मुआवजे का एलान
नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर हुए भगदड़ मामले में मरने वालों की संख्या अब तक 18 हो गई है, जबकि एक दर्जन से अधिक लोग घायल हैं। रेलवे ने भगदड़ में मारे गए लोगों के परिजनों को 10-10 लाख रुपये का मुआवजा देने की घोषणा कर दी है। वहीं गंभीर रूप से घायलों को 2.5 लाख रुपये और मामूली रूप से घायलों को 1 लाख रुपये दिए जाएंगे।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें