फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गुरुग्राम हिट एंड रन केस: 'घटना खत्म हो जाती है, लेकिन डर नहीं...', लेडी बाइक राइडर सिया ने पूछा ये सवाल

Sun, 20 Sep 2026 12:06 PM IST
Sharukh Khan अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली

सार

गुरुग्राम में कार से टक्कर से घायल हुईं लेडी बाइकर शिवानी चौहान उर्फ सिया का कहना है कि अब कार में भी डर लगता है। उन्होंने कहा कि घटना खत्म हो जाती है, लेकिन डर खत्म नहीं होता है। गुरुग्राम में गोल्फ कोर्स रोड पर बाइकर शिवानी चौहान उर्फ सिया को 13 सितंबर को कार सवार ने पीछा कर टक्कर मार दी थी। 
विज्ञापन
1 of 11
Gurugram hit and run case - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
किसी घटना के खत्म हो जाने के बाद भी महिलाओं के मन से उसका डर आसानी से नहीं जाता। साइबर सिटी गुरुग्राम में सड़क हादसे की पीड़िता महिला बाइक राइडर शिवानी चौहान उर्फ सिया ने ये बातें कहीं। उन्होंने कहा कि अब कार में बैठकर चलते समय भी यह आशंका रहती है कि कहीं कोई दूसरा वाहन टक्कर न मार दे। उनके मुताबिक, घटना के बाद सामान्य परिस्थितियों में लौटना भी आसान नहीं होता।

हर कदम पर सतर्कता
सिया के अनुसार, महिलाओं को घर से बाहर निकलते समय लगातार सतर्क रहना पड़ता है। उन्हें इस बात का ध्यान रखना होता है कि कोई गलत तरीके से छू न दे, कोई गलत नजर से न देखे या कोई उनका पीछा न करने लगे। उन्होंने कहा कि इस तरह की आशंकाएं महिलाओं के रोजमर्रा के जीवन का हिस्सा बन जाती हैं और घटना के बाद मानसिक दबाव लंबे समय तक बना रह सकता है।
विज्ञापन

2 of 11
पीड़ित शिवानी उर्फ सिया - फोटो : ani
वीडियो से सामने आया मामला
सिया ने कहा कि महिलाओं की परेशानी को अक्सर तब तक गंभीरता से नहीं लिया जाता, जब तक घटना का कोई वीडियो सामने न आ जाए। उन्होंने बताया कि उनके पास कैमरा था, इसलिए घटना रिकॉर्ड हो सकी और लोगों तक पहुंची। उनका मानना है कि यदि वीडियो वायरल नहीं होता, तो संभव है कि मामला उतनी गंभीरता से सामने नहीं आता।

 
विज्ञापन

3 of 11
पीड़ित शिवानी उर्फ सिया - फोटो : अमर उजाला
सख्त कार्रवाई की जरूरत
सिया ने कहा कि पुलिस को ऐसे मामलों को गंभीरता से लेते हुए सख्त कार्रवाई करनी चाहिए। उनके मुताबिक, आरोपियों को गिरफ्तार किए जाने के बाद कुछ ही दिनों में जमानत मिल जाने से उनके मन में कानून का डर कम हो सकता है।

4 of 11
आरोपी कल्याण बैंसला - फोटो : सोशल मीडिया
यह सिया का अनुभव और मत है। किसी मामले में गिरफ्तारी, आरोप, जमानत और आगे की कानूनी प्रक्रिया संबंधित केस के तथ्यों और न्यायिक आदेशों पर निर्भर करती है। फिर भी, सिया की बात इस सवाल को सामने रखती है कि महिलाओं को परेशान करने, पीछा करने और सार्वजनिक जगहों पर डर का माहौल बनाने वाली घटनाओं पर पुलिस की प्रतिक्रिया कितनी तेज और प्रभावी होनी चाहिए।

 
विज्ञापन

5 of 11
सड़क पर घिसटती बाइक राइडर शिवानी उर्फ सिया - फोटो : वीडियो ग्रैब
सुरक्षा की जिम्मेदारी सिर्फ महिलाओं पर क्यों
सिया ने कहा कि महिलाओं को सतर्क रहने, आपातकालीन नंबर याद रखने और आत्मरक्षा सीखने की सलाह दी जाती है। ये उपाय उपयोगी हो सकते हैं, लेकिन इससे सुरक्षा की पूरी जिम्मेदारी महिलाओं पर नहीं डाली जा सकती। सार्वजनिक स्थानों पर सम्मानजनक व्यवहार करना, किसी का पीछा न करना, बिना अनुमति करीब न जाना और असहज स्थिति में किसी की मदद करना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।
 
विज्ञापन

6 of 11
सड़क पर घिसटती बाइक राइडर शिवानी उर्फ सिया - फोटो : वीडियो ग्रैब
यह था पूरा मामला
13 सितंबर की सुबह महिला राइडर सिया अपने साथियों के साथ गोल्फ कोर्स रोड से गुजर रही थीं। आरोप है कि सफेद रंग की सियाज कार में सवार युवकों ने उनका पीछा किया और विरोध करने पर जानबूझकर बाइक को टक्कर मार दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई।
विज्ञापन

7 of 11
आरोपी कल्याण बैंसला की कार - फोटो : वीडियो ग्रैब
राइडिंग गियर पहनने के बावजूद बाइकर सिया को कई जगह चोटें
गुरुग्राम में गोल्फ कोर्स रोड पर बाइकर शिवानी चौहान उर्फ सिया को टक्कर मारने के मामले में शिवानी के भाई दीपांकर चौहान ने राजस्थान से गिरफ्तार किए गए कार चालक कल्याण बैंसला के इस दावे को खारिज किया कि घटना गलती से हुई थी।

8 of 11
आरोपी कल्याण बैंसला - फोटो : सोशल मीडिया
भाई ने कहा-कार चालक खुद को बचाने के लिए कह रहा कि सब कुछ सामान्य था
दीपांकर ने कहा कि आरोपी खुद को बचाने के लिए कह रहा है कि सब कुछ सामान्य था। अगर यह गलती थी, तो उसे रुकना चाहिए था। घटना में शिवानी उर्फ सिया की स्पोर्ट्स बाइक काफी दूर तक घिसटती चली गई थी। 
 

9 of 11
पीड़ित शिवानी उर्फ सिया - फोटो : अमर उजाला
दीपांकर बताते हैं कि टक्कर इतनी जोरदार थी कि राइडिंग गियर होने के बावजूद सिया के घुटने में सूजन है। पीठ और गर्दन की मसल्स में खिंचाव है। बाएं हाथ और दोनों हथेलियों में खरोंच है।

10 of 11
आरोपी कल्याण बैंसला - फोटो : सोशल मीडिया
पिता बोले- टक्कर मारने का ही था इरादा
सिया के पिता रोशन चौहान बताते हैं कि बेटी राजनीतिक और सामाजिक तौर पर काफी सक्रिय है। प्राॅपर्टी के बिजनेस में मेरा भी साथ देती है। काम का तनाव कम करने के लिए महीने में एकाध रविवार दोस्तों के साथ गुरुग्राम के बाइकर्स कैफे जाती है। पिता ने आरोप लगाया कि कार चालक ने उसकी बेटी का पीछा किया।
विज्ञापन

11 of 11
आरोपी कल्याण बैंसला - फोटो : अमर उजाला
सिया ने कार चालक को कई बार दूरी बनाए रखने की चेतावनी दी थी। अगर उसके बाद भी कोई व्यक्ति दुर्घटना को अंजाम देता है, तो साफ है कि उसका इरादा टक्कर मारने का ही था। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें