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श्मशान घाट हादसा: चश्मदीद विनोद बोला-रेत झड़ने पर ऊपर देखा तो गिर रही थी छत, खौफनाक था मंजर

Mon, 04 Jan 2021 11:14 PM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, गाजियाबाद
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मुरादनगर श्मशान घाट हादसा - फोटो : अमर उजाला
गाजियाबाद के मुरादनगर में बंबा रोड श्मशान घाट में मृतक जयराम की अंत्येष्टि के बाद गलियारे की छत के नीचे एकत्रित हुए लोगों के ऊपर लिंटर से रेत झड़कर गिर रही थी। रेत झड़ने पर गलियारे के किनारे खड़े विनोद कुमार की जैसे ही निगाह छत की ओर गई तो धड़ाम की आवाज सुनते वह संभलकर बाहर आ गए। 
 
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muradnagar crematorium accident - फोटो : अमर उजाला
लेकिन मौन धारण करने के दौरान चंद सेकेंड के अंदर हुए हादसे में अधिकांश लोगों को संभलने का मौका नहीं मिला और हादसे में 24 लोगों की जान चली गई। अंतिम संस्कार में शामिल हुए संगम विहार कॉलोनी निवासी विनोद कुमार हादसे का मंजर सोचकर सहम जाते हैं।
 
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muradnagar crematorium accident - फोटो : अमर उजाला
संगम विहार कॉलोनी में गमगीन माहौल में खड़े विनोद कुमार ने बताया कि अंतिम संस्कार के बाद बारिश होने के चलते श्मशान घाट के पंडित ने सभी लोगों को गलियारे के नीचे बुलाया। गलियारे के नीचे खड़े होने पर उनके साथ अन्य लोगों के ऊपर जगह-जगह छत से रेत झड़ रही थी। ऊपर निगाह करने पर छत के लिंटर ने एकाएक झटका खाया। 

 

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गाजियाबाद हादसा - फोटो : अमर उजाला
चंद सेकेंड में पूरी छत लोगों के ऊपर ढह गई। किनारे पर होने के चलते उनके साथ कुछ लोगों को ही संभलने का मौका मिला। निर्माण में छत की बीम पर पूरी तरह से रेत थी। सीमेंट नहीं होने के चलते छत ढहते ही पिलर व छत के किनारे चूरे में तब्दील हो गए। छत ढहते ही लोगों की चीखें और कराहने का शोर गूंज उठा।
 
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गाजियाबाद हादसा - फोटो : अमर उजाला
फिर उन्होंने किनारे पर मौजूद कुछ लोगों को बचाने के बाद तुरंत दौड़कर संगम विहार कॉलोनी में रहने वाले लोगों को इकठ्ठा किया। उनके साथ बड़ी संख्या में पहुंचे लोगों ने मलबे के नीचे दबे लोगों को बगैर किसी उपकरण की मदद से बाहर निकाला।
 
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गाजियाबाद हादसा - फोटो : अमर उजाला
जेसीबी से छत का लिंटर उठाने पर झड़ रहा था चूरा
विनोद कुमार ने बताया कि राहत-बचाव कार्य में जब पुलिस-प्रशासन की टीम जेसीबी और अन्य उपकरण लेकर पहुंची तो ऑपरेशन में तेजी आई। प्रशासन की जेसीबी ने जब गलियारे की छत के लिंटर को हटाने की कोशिश की तो जेसीबी के पंजे में लिंटर की जगह केवल सरिया का जाल आया। बेहद खराब निर्माण सामग्री होने के चलते लिंटर का चूरा फिर मलबे व दबे लोगों के ऊपर गिर गया। ऐसे में राहत-बचाव कार्य में लगी टीम को खराब निर्माण सामग्री होने के चलते काफी दिक्कत का सामना करना पड़ा।
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