sheila dikshit
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दिलचस्प बात ये है तीन बार चुनाव जीतने के बावजूद कांग्रेस के स्थानीय नेताओं ने उनका विरोध करना जारी रखा। नौबत यहां तक आई कि दिल्ली प्रदेश कांग्रेस के तत्कालीन अध्यक्ष रामबाबू गुप्त ने, जो दिल्ली नगर निगम के सभासद भी थे, उनके निजामुद्दीन ईस्ट वाले फ्लैट की जांच के आदेश दे दिए कि कहीं उसमें भवन निर्माण कानूनों का उल्लंघन तो नहीं हुआ है। उन्होंने कहा, "जिस घर में आप बैठे हुए हैं, उसी घर में दिल्ली नगर निगम के अधिकारियों ने इस बात की जांच की थी कि कहीं उसमें कोई अवैध निर्माण तो नहीं हुआ है।" "जब उन्हें कुछ नहीं मिला तो उन्होंने मेरी बहन से फ्लैट के कागजात मांगे, जो उन्हें उपलब्ध कराए गए और ये तब हुआ जब मैं दिल्ली की मुख्यमंत्री थी। ये बताता है कि राजनीति किस हद तक नीचे जा सकती है।"