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एनसीआर के 50 हजार वर्ग किमी क्षेत्र में छाई प्रदूषण की घनी चादर, ज्यादातर शहरों की हवा गंभीर स्तर तक प्रदूषित 

Mon, 09 Nov 2020 08:45 PM IST
Mohit Mudgal अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
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प्रदूषण - फोटो : पीटीआई
हवाओं के तकरीबन शांत पड़ने और पराली के धुएं का असर दिल्ली-एनसीआर पर भारी पड़ रहा है। सोमवार दिन भर दिल्ली समेत करीब 50 हजार वर्ग किमी में फैले एनसीआर में प्रदूषण की घनी चादर छाई रही। ज्यादातर शहरों की हवा गंभीर स्तर तक प्रदूषित रही। देश का सबसे प्रदूषित शहर भी एनसीआर का धारूहेड़ा रहा। यहां का सूचकांक 491 रिकॉर्ड गया।
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प्रदूषण - फोटो : पीटीआई
वहीं, दिल्ली व इससे सटे शहरों का सूचकांक भी 450 से ऊपर रहा। सफर का पूर्वानुमान है कि दिवाली तक दिल्ली-एनसीआर को प्रदूषण से निजात मिलती नहीं दिख रही है। इस बीच अगर पराली जलाने के मामले तेजी से कम होते हैं तब भी  हवा की गुणवता बेहद खराब स्तर में रहेगी।
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प्रदूषण - फोटो : पीटीआई
सीपीसीबी की तरफ से जारी आंकड़ों के मुताबिक, उतर प्रदेश के मेरठ से लेकर हरियाणा के जींद तक फैला पूरा एनसीआर इस वक्त गंभीर स्तर के प्रदूषण की गिरफ्त में है। करीब 50 हजार वर्ग किमी में फैले एनसीआर के ज्यादातर शहरों की हवाएं जहरीली हो गई हैं। वायु गुणवत्ता सूचकांक 400 से ऊपर है। वहीं, सोमवार को देश का सबसे प्रदूषित शहर रेवाड़ी का धारूहेड़ा रहा। शहर का सूचकांक 491 रिकॉर्ड किया गया।

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प्रदूषण - फोटो : पीटीआई
खराब हो चुकी आबोहवा पर सफर का आंकलन है कि दिल्ली-एनसीआर की सतह पर चलने वाली हवाएं फिलहाल शांत पड़ी हैं। वहीं, तापमान भी सामान्य से नीचे है। इससे एनसीआर के प्रदूषक दूर-दूर तक फैल नहीं पा रहे हैं।
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प्रदूषण - फोटो : पीटीआई
दूसरी तरफ पराली का धुंआ भी अपना असर दिखा रहा है। सोमवार को दिल्ली के प्रदूषण में इसका हिस्सा 38 फीसदी रहा। दोनों का मिला-जुला असर हवा की गुणवता पर पड़ा है। पूरा एनसीआर इस वक्त घने प्रदूषण की मार झेल रहा है।
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प्रदूषण - फोटो : पीटीआई
खास बात यह कि सफर का पूर्वानुमान है कि मौसमी दशाओं में दिवाली से पहले ज्यादा सुधार आने की उम्मीद नहीं है। इससे इस दौरान प्रदूषण छटने के आसार भी नहीं दिख रहे। इस बीच अगर पराली जलाने की घटनाएं तेजी से कम होती हैं तो भी प्रदूषण का स्तर बेहद खराब और गंभीर स्तर के बीच बना रहेगा।
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प्रदूषण - फोटो : पीटीआई
दिल्ली समेत इससे सटे शहरों की स्थिति बदतर
दिल्ली और इससे सटे गाजियाबाद, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, फरीदाबाद और गुरूग्राम में प्रदूषण की स्थिति सोमवार को भी बदतर रही। सभी शहरों का वायु गुणवत्ता सूचकांक 450 से ऊपर रहा। इसमें गाजियाबाद व गुरूग्राम का सूचकांक 482, ग्रेटर नोएडा का 478, दिल्ली का 477 व फरीदाबाद का 456 रहा। प्रदूषण घना होने का असर सड़कों पर दिखा। सुबह दृश्यता 600 मीटर तक गिर गई थी।
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प्रदूषण - फोटो : पीटीआई
दिल्ली की मौसमी दशाएं:
हवा की चाल: 3-4 किमी प्रति घंटा
दृश्यता: 600 मीटर
न्यूनतम तापमान: 10 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 4 डिग्री सेल्सियस कम)
नमी: 46-100 फीसदी
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