फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

धूप, लू और उमस का ट्रिपल अटैक: दिल्ली में 50°C महसूस हुई गर्मी, IMD ने बताई बारिश की दो तारीखें; अलर्ट जारी

Sun, 28 Jun 2026 06:44 PM IST
विकास कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

दिल्ली में अगले छह दिनों तक मौसम का मिजाज बदला-बदला रहेगा। मौसम विभाग के अनुसार, 29 को अधिकतम तापमान 39 से 41 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 28 से 30 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है। वहीं, मौसम विभाग की भविष्यवाणी है कि 2 जुलाई से उत्तर-पश्चिम भारत पर एक नए पश्चिमी विक्षोभ दस्तक देगा।
विज्ञापन
1 of 7
दिल्ली में गर्मी से आदमी से लेकर जानवर तक परेशान - फोटो : PTI
दिल्ली-एनसीआर में रविवार को भीषण गर्मी और उमस से लोग बेहाल नजर आए। दिल्ली में असल तापमान के मुकाबले गर्मी अधिक महसूस की गई। दिल्ली में अधिकतम तापमान 41.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, लेकिन हीट इंडेक्स यानी 'महसूस होने वाला तापमान' 50 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। 

विज्ञापन

2 of 7
गर्मी से परेशान लोग - फोटो : PTI
रविवार को चली इस माह की पहली लू
ज्यादातर इलाकों में सुबह से ही तेज धूप निकली। दिन चढ़ने के साथ धूप और तेज होती गई। धूप के चलते दिन में 11 बजे के बाद से ही लोगों का घरों से निकलना मुश्किल होने लगा। दोपहर एक-दो बजे लोगों को गर्म हवा के थपेड़ों का भी अहसास हुआ। हालांकि, बाद में कुछ स्थानों पर हल्के बादलों की आवाजाही हुई। इसके बावजूद मौसम गर्म बना रहा। इसके अलावा, रविवार के दिन इस महीने की पहली लू चली।
विज्ञापन

3 of 7
धूप से बचने के लिए पुल के नीचे खड़े लोग - फोटो : PTI
मानसूम अभी काफी दूर
दिन के साथ-साथ दिल्ली में रात के तापमान में भी इजाफा हुआ है। सफदरजंग मौसम केंद्र में न्यूनतम तापमान 31.1 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। यह सामान्य से 3.2 डिग्री ज्यादा है। यह इस महीने की सबसे गर्म रात रही। इससे पहले 27 जून 30.8, 11 जून को न्यूनतम तापमान 30 डिग्री दर्ज किया गया था। इस महीने में सिर्फ तीन दिन ही ऐसे रहे हैं, जब न्यूनतम तापमान 30 या उससे ज्यादा रिकॉर्ड किया गया। मौसम विभाग के अनुसार, दिल्ली में 27 जून मानसून आगमन की आधिकारिक तिथि है। इसके बावजूद दिल्ली और आसपास के इलाके से मानसून अभी काफी दूर है। इसका असर मौसम पर देखने को मिल रहा है। मानसून आगमन के दिन 16 साल में दिल्ली का तापमान सबसे ज्यादा दर्ज किया गया।

4 of 7
दिल्ली में गर्मी से परेशान दोपहिया वाहन चालक - फोटो : PTI
अमूमन 40 डिग्री से कम रहता है पारा
मानसून के आगमन की सामान्य तिथि 27 जून है। मानसून की गतिविधियां आसपास होने के चलते आमतौर पर इस समय तक तापमान 40 डिग्री के नीचे आ जाता है। मौसम विभाग के 16 साल के आंकड़ों पर नजर डालें तो वर्ष 2026 से पहले केवल साल 2019 में ही 27 जून को अधिकतम तापमान 41 डिग्री से ऊपर था।
विज्ञापन

5 of 7
धूप से बचने का प्रयास करता युवा - फोटो : PTI
2 जुलाई को नया पश्चिमी विक्षोभ देगा दस्तक
दिल्ली में अगले छह दिनों तक मौसम का मिजाज बदला-बदला रहेगा। मौसम विभाग के अनुसार, 29 को अधिकतम तापमान 39 से 41 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 28 से 30 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है। वहीं, मौसम विभाग की भविष्यवाणी है कि 2 जुलाई से उत्तर-पश्चिम भारत पर एक नए पश्चिमी विक्षोभ दस्तक देगा। इसका असर देर रात या फिर 30 जून की सुबह देखने को मिल सकता है। इन दिनों आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे। दोपहर या शाम के समय गरज के साथ हल्की बारिश हो सकती है।
विज्ञापन

6 of 7
पानी में नहाती भैंसे - फोटो : PTI
30 जून और 1 जुलाई को बारिश का यलो अलर्ट जारी
मौसम विभाग की भविष्यवाणी है कि 30 जून से मौसम में और बदलाव देखने को मिलेगा। इस दिन अधिकतम तापमान 37 से 39 डिग्री रहने का अनुमान है, जबकि दोपहर और शाम के समय हल्की बारिश हो सकती है। ऐसे में हवा के झोंके 60 किमी प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना है। 1 जुलाई को तापमान घटकर 35 से 37 डिग्री और 2 जुलाई को 34 से 36 डिग्री तक रहने का अनुमान है। इन दोनों दिन आसमान में आमतौर पर बादल छाए रहेंगे और हल्की बारिश, गरज-चमक और तेज हवाएं चल सकती हैं। मौसम विभाग ने दोनों दिन बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। वहीं, 3 और 4 जुलाई को भी मौसम इसी तरह बना रहेगा। अधिकतम 33 से 35 डिग्री और न्यूनतम तापमान 21 से 23 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है।
विज्ञापन
विज्ञापन

7 of 7
दिल्ली में गर्मी से परेशान लोग - फोटो : अमर उजाला
क्या होता है हीट इंडेक्स?
हीट इंडेक्स हवा के तापमान और आर्द्रता को मिलाकर मापता है कि बाहर कितनी गर्मी महसूस होती है। यह एक ऐसा सूचकांक है, जो मानव शरीर द्वारा अनुभव किए जाने वाले वास्तविक तापमान का अनुमान लगाता है। यह आर्द्र गर्मी के दौरान विशेष रूप से महत्वपूर्ण है क्योंकि यह अकेले तापमान की तुलना में गर्मी के तनाव का अधिक सटीक आकलन करता है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें