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Kamal Death Case: रातभर बजती रही मोबाइल की घंटी, अंधेरे में तीर मारती रही पुलिस; दिल्ली हादसे की पूरी कहानी

Sat, 07 Feb 2026 11:57 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली

सार

नोएडा में इंजीनियर की मौत का मामला शांत भी नहीं हुआ कि अब राजधानी दिल्ली में जल बोर्ड की ओर से खोदे गए गड्ढे में गिरने से एक युवक की मौत हो गई। जनकपुरी वी-ब्लॉक में 20 फीट गहरे गड्ढे में बृहस्पतिवार रात गिरे युवक ने मदद न मिलने पर तड़प-तड़पकर दम तोड़ दिया। मृतक के परिजन आरोप है कि अगर पुलिस थोड़ी मदद कर देती, तो शायद हम उसे रात में ही ढूंढ लेते। देर न होती, तो क्या पता उसकी जान बच जाती।
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delhi accident - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
"हम पूरी रात उसे ढूंढते रहे।एक-एक थाने के चक्कर लगाए उसका फोन बजता रहा, लेकिन सिस्टम खामोश रहा।" ये शब्द हैं 25 वर्षीय कमल ध्यानी के परिजनों के हैं। परिजन और दोस्तों का आरोप है कि कहीं से ठोस मदद नहीं मिली। कमल के जुड़वा भाई करण का कहना है कि पुलिस ने कहा रात में सर्च संभव नहीं, शिकायत सुबह दर्ज होगी। यही जवाब परिवार के लिए सबसे बड़ा सदमा बन गया।

परिवार और दोस्तों का सवाल सीधा है कि जब फोन पूरी रात एक्टिव था, लोकेशन मिल रही थी, तो गड्ढे वाले रास्ते की तलाशी क्यों नहीं ली गई? पुलिस मोबाइल फ्लैश जलाकर तलाश के नाम पर अंधेरे में तीर चलाती रही, जबकि दिल्ली पुलिस देश की आधुनिक तकनीक से लैस मानी जाती है और इसका भारी भरकम बजट करीब 13 हजार करोड़ का है। 
 
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बाइक सवार युवक की मौत के बाद दीनदयाल उपाध्याय अस्पताल के शवगृह के बाहर भावुक बैठे परिजन - फोटो : अमर उजाला
'देर न होती, तो क्या पता उसकी जान बच जाती'
कमल के भाई मयंक का आरोप है कि अगर पुलिस थोड़ी मदद कर देती, तो शायद हम उसे रात में ही ढूंढ लेते। देर न होती, तो क्या पता उसकी जान बच जाती। परिजनों ने दिल्ली जल बोर्ड और ठेकेदार पर घोर लापरवाही का आरोप लगाया है और किसी साजिश से भी इनकार नहीं किया। हालांकि पुलिस ने फिलहाल किसी फाउल प्ले से इनकार करते हुए इसे दुर्भाग्यपूर्ण हादसा बताया है। 


 
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जल बोर्ड के गड्ढे में गिरा बाइक सवार, मदद न मिलने से तपड़कर मौत, बाइक निकालती टीम - फोटो : अमर उजाला
दिल्ली पुलिस ने परिवार के आरोपों से इनकार किया है। पुलिस के अनुसार, रात करीब 2.50 बजे परिजन थाने पहुंचे थे, मोबाइल लोकेशन ट्रेस की गई, डिस्ट्रिक्ट पार्क और आसपास के इलाकों में तलाश भी हुई, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला।

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जल बोर्ड के गड्ढे में गिरा बाइक सवार, मदद न मिलने से तपड़कर मौत - फोटो : अमर उजाला
मैंने कलेजे का टुकड़ा खो दिया..
कमल के शव का जब पोस्टमार्टम हो रहा था, तो दीनदयाल उपाध्याय अस्पताल के पोस्टमार्टम हाउस के बाहर इंसानों का नहीं, दर्द और खामोशी का हुजूम था। भीड़ में खड़े थे पिता नरेश का जवान बेटा कमल, जो अब सिर्फ फाइल नंबर बनकर रह गया। अपने बेटे को खो चुके नरेश से जब भी कोई बात करने की कोशिश करता, जवाब एक ही था कि मेरे पास बात करने को कुछ नहीं है। मैंने कलेजे का टुकड़ा खोया है। 
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जल बोर्ड के गड्ढे में गिरा बाइक सवार, मदद न मिलने से तपड़कर मौत, बाइक निकालती टीम - फोटो : अमर उजाला
जुड़वा खुशियों को न जाने लगी किसकी नजर 
जुड़वा भाई को करण अपनी यादों में खोज रहे थे। भर्राई हुई आवाज में बोले, उसे बाइक का बड़ा शौक था। तीन साल पहले जन्मदिन पर, अपने पैसों से बाइक खरीदी थी। पूरा परिवार खुश था जिस बाइक को उसने खुशी से खरीदा, उसी बाइक के साथ वह आखिरी वक्त तक रहा। पता नहीं उसकी खुशियों को किसकी नजर लग गई। 
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जल बोर्ड के गड्ढे में गिरा बाइक सवार, मदद न मिलने से तपड़कर मौत, बाइक निकालती टीम - फोटो : अमर उजाला
माता-पिता की शादी की सालगिरह के दिन उजड़ा घर...
मां की आंखों में है, जो पूरी रात बेटे के लौटने का इंतजार करती रही, इस उम्मीद में कि अगले दिन उसकी शादी की सालगिरह खुशियों के साथ मनाई जाएगी। मां बिलखते हुए बोलीं मुझसे कहा था कि कल मेरी छुट्टी है, हम आपकी और पापा की एनिवर्सरी मनाएंगे। शांति ने सवाल किया मेरे बेटे की मौत की जिम्मेदारी कौन लेगा ?
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जल बोर्ड के गड्ढे में गिरा बाइक सवार, मदद न मिलने से तपड़कर मौत, बाइक निकालती टीम - फोटो : अमर उजाला
जल बोर्ड के 20 फीट गहरे गड्ढे में गिरकर बाइक सवार युवक की मौत
नोएडा में इंजीनियर की मौत का मामला शांत भी नहीं हुआ कि अब राजधानी दिल्ली में जल बोर्ड की ओर से खोदे गए गड्ढे में गिरने से एक युवक की मौत हो गई। जनकपुरी वी-ब्लॉक में 20 फीट गहरे गड्ढे में बृहस्पतिवार रात गिरे युवक ने मदद न मिलने पर तड़प-तड़पकर दम तोड़ दिया।

 

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जल बोर्ड के गड्ढे में गिरा बाइक सवार, मदद न मिलने से तपड़कर मौत, बाइक निकालती टीम - फोटो : अमर उजाला
जनकपुरी थाने में ठेकेदार और जल बोर्ड के अधिकारियों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया गया है। वहीं, दिल्ली सरकार ने जांच समिति बनाते हुए जल बोर्ड के कार्यकारी अभियंता, सहायक अभियंता व कनिष्ठ अभियंता को निलंबित कर दिया है।

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जल बोर्ड के गड्ढे में गिरा बाइक सवार, मदद न मिलने से तपड़कर मौत - फोटो : अमर उजाला
मूलरूप से उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल के पोखरा गांव निवासी कमल ध्यानी (25) परिवार के साथ पालम के कैलाशपुरी में रहते थे। वह रोहिणी में एचडीएफसी के कॉल सेंटर में कार्यरत थे। भाई करण ने बताया, रात 11:53 बजे कमल ने फोन पर बताया कि वह जनकपुरी डिस्ट्रिक्ट सेंटर के पास पहुंच गया है, 10-15 मिनट में घर पहुंच जाएगा। 

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जल बोर्ड के गड्ढे में गिरा बाइक सवार, मदद न मिलने से तपड़कर मौत - फोटो : अमर उजाला
इसके बाद उसका फोन बंद हो गया। अनहोनी की आशंका में परिवार रातभर उसे तलाशता रहा, लेकिन सुबह उसकी मौत की खबर मिली। पुलिस उपायुक्त दरादे शरद भास्कर ने बताया कि शुक्रवार सुबह 8:03 बजे पुलिस ने दमकलकर्मियों की मदद से कमल को गड्ढे से निकाला। अस्पताल पहुंचाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। 
 

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मृतक कमल की फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
जल बोर्ड के 20 फीट गहरे गड्ढे में गिरकर बाइक सवार युवक की मौत
नोएडा में इंजीनियर की मौत का मामला शांत भी नहीं हुआ कि अब राजधानी दिल्ली में जल बोर्ड की ओर से खोदे गए गड्ढे में गिरने से एक युवक की मौत हो गई। जनकपुरी वी-ब्लॉक में 20 फीट गहरे गड्ढे में बृहस्पतिवार रात गिरे युवक ने मदद न मिलने पर तड़प-तड़पकर दम तोड़ दिया।

 

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दीनदयाल उपाध्याय अस्पताल के शवगृह के बाहर भावुक बैठे मृतक कमल का भाई व अन्य परिजन - फोटो : अमर उजाला
जनकपुरी थाने में ठेकेदार और जल बोर्ड के अधिकारियों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया गया है। वहीं, दिल्ली सरकार ने जांच समिति बनाते हुए जल बोर्ड के कार्यकारी अभियंता, सहायक अभियंता व कनिष्ठ अभियंता को निलंबित कर दिया है।

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घटना स्थल के पास विभिन्न पार्टियों के कार्यकर्ता आपस में बहस, एक दूसरे पर आरोप और नारे लगाते हुए - फोटो : अमर उजाला
11:53 बजे भाई से हुई थी कमल की बात
मूलरूप से उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल के पोखरा गांव निवासी कमल ध्यानी (25) परिवार के साथ पालम के कैलाशपुरी में रहते थे। वह रोहिणी में एचडीएफसी के कॉल सेंटर में कार्यरत थे। भाई करण ने बताया, रात 11:53 बजे कमल ने फोन पर बताया कि वह जनकपुरी डिस्ट्रिक्ट सेंटर के पास पहुंच गया है, 10-15 मिनट में घर पहुंच जाएगा। 


 

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घटना स्थल के पास विभिन्न पार्टियों के कार्यकर्ता आपस में बहस, एक दूसरे पर आरोप और नारे लगाते हुए - फोटो : अमर उजाला
पुलिस ने दमकलकर्मियों की मदद से कमल को गड्ढे से निकाला
इसके बाद उसका कोई पता नहीं चल पाया। अनहोनी की आशंका में परिवार रातभर उसे तलाशता रहा, लेकिन सुबह उसकी मौत की खबर मिली। पुलिस उपायुक्त दरादे शरद भास्कर ने बताया कि शुक्रवार सुबह 8:03 बजे पुलिस ने दमकलकर्मियों की मदद से कमल को गड्ढे से निकाला। अस्पताल पहुंचाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। 

 

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दिल्ली में बैंक में कार्यरत मैनेजर की जल बोर्ड के गड्ढे में गिरने से मौत - फोटो : अमर उजाला
रात 12 से सुबह तक तलाशते रहे पिता व दोस्त... छह थानों में पहुंचे लेकिन नहीं जागी पुलिस 
कमल देर रात घर नहीं पहुंचा तो उसके पिता व दोस्त रात 12 बजे से सुबह तक तलाशते रहे। छह थानों से मदद मांगी और रिपोर्ट लिखने का आग्रह किया। परिजनों का आरोप है, जनकपुरी थाने में पुलिसकर्मियों ने 24 घंटे बाद आने के लिए कहा। 

 

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दिल्ली में बैंक कर्मी की जल बोर्ड के गड्ढे में गिरने से मौत - फोटो : अमर उजाला
आरोप है कि समय रहते तलाशी शुरू की जाती, तो कमल की जान बच सकती थी। कमल पूरी रात खुले गड्ढे में पड़ा तड़पता रहा। पुलिस ने उसकी लोकेशन का पता लगाने की भी जहमत नहीं उठाई। भाई मयंक ने बताया कि सुबह साढ़े 9 बजे किसी राहगीर ने उसका फोन उठाया और जगह बताई, तो हम मौके पर पहुंचे।

 
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मृतक का भाई और मौके पर जांच करती टीम - फोटो : अमर उजाला
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि गड्ढे पर बैरिकेडिंग ढंग से नहीं लगाई थी। हालांकि, जल बोर्ड का दावा है कि चारों ओर बैरिकेड थे। सवाल है कि बैरिकेडिंग थी, तो बाइक गड्ढे में कैसे गिरी।


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