प्रदूषण फैलाने में अपनी हिस्सेदारी निभाता नागरिक
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प्रदूषण में किसकी कितनी हिस्सेदारी?
रविवार को सुबह से ही कोहरे के साथ स्मॉग छाया रहा। दिन में हल्की धूप निकली, लेकिन आसमान में स्मॉग की मोटी चादर लिपटी रही। भारतीय उष्णदेशीय मौसम विज्ञान संस्थान (आईआईटीएम) के मुताबिक शाम को हवा की चाल छह किलोमीटर रही। इससे प्रदूषक कण और संघन हो गए। विशेषज्ञों का कहना है कि प्रदूषकों के फैलाव के लिए मौसम संबंधी स्थितियां बेहद प्रतिकूल होने से स्थिति बिगड़ रही है। डिसीजन सपोर्ट सिस्टम (डीएसएस) के मुताबिक हवा में ट्रांसपोर्ट से होने वाले प्रदूषण की हिस्सेदारी 13.085 फीसदी, कूड़ा जलने से होने वाले प्रदूषण की हिस्सेदारी 1.201 फीसदी, सड़कों की धूल से होने वाले प्रदूषण की हिस्सेदारी 0.942 और निर्माण कार्यों से होने वाली प्रदूषण की हिस्सेदारी 1.857 फीसदी रही। वहीं, वेंटिलेशन इंडेक्स 1900 घनमीटर प्रति सेकंड रही। 24 घंटे के भीतर वेंटिलेशन इंडेक्स 1300 घन मीटर प्रति सेकंड रहने का अनुमान है। साथ ही, मिक्सिंग डेप्थ 1150 मीटर दर्ज की गई।