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तड़पकर जिंदा जल गए दो मासूम, तस्वीरों में दहलाने वाला मंजर

Tue, 16 Jun 2015 03:43 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
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देहरादून के कोटदा संतौर गांव में सोमवार दोपहर आग में सिलेंडर फटने से दो मासूम भाई जिंदा जल गए। हादसे के बाद चारों ओर दिल दहलाने वाला मंजर फैल गया। दोनों मासूम बलिया (यूपी) के रहने वाले हैं, जो अपने माता-पिता के साथ नाना के यहां घूमने आए थे। तस्वीरों में पूरा मंजर।
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तड़पकर ज‌िंदा जल गए दो मासूम, तस्वीरों में दहलाने वाला मंजर

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प्रेमनगर थाना क्षेत्र के कोटडा संतौर गांव में नदी किनारे इशरफी अपने दो बेटों मुन्ना और नौशाद के साथ झोपड़ियां बनाकर परिवार के साथ रहता है। सोमवार दोपहर 12 बजे के करीब इशरफी अपनी पत्नी शकीना बेटे मुन्ना के साथ बलिया से आई बेटी नूर निशां, दामाद नाजिर हुसैन और दो साल की नाती के साथ खरीदारी करने चले गए।
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झोपड़ी में मुन्ना के छोटे भाई की पत्नी सोनी के अलावा नूर निशां के चार और मुन्ना के दो बच्चे रह गए। दोपहर दो बजे के करीब अचानक एक झोपड़ी में आग लग गई। पड़ोस में रहने वाले शेर सिंह की पत्नी प्रमिता मुन्ना की चार साल की बेटी चुन्नू को बचाकर ले आई, लेकिन नूर निशां के दोनों बेटे अफसर और असलम अंदर ही रह गए। (तस्वीर में बाईं तरफ है प्रत‌िमा)

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इसी बीच झोपड़ी में रखा गैस सिलेंडर तेज धमाके के साथ फट गया। जिसके टुकड़े दूर तक जाकर गिरे। आसपास के लोग भागकर भी आए, लेकिन तब तक सब कुछ राख हो चुका था। आग में अफसर (7) और असलम (4) जिंदा जल गए। दमकल कर्मचारियों ने आग को बुझाया, तब जाकर बच्चों के जले शवों को बाहर निकाला जा सका।
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इस अनहोनी से परिवार में कोहराम मचा है। नूरनिशां का तो रोते-रोते बुरा हाल था। एसडीएम ने मौके पर पहुंचकर पीड़ित परिवार को सांत्वना दी।
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जिलाधिकारी रविनाथ रमन ने बताया कि मुख्यमंत्री हरीश रावत ने हादसे पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए पीड़ित परिवार को दोनों बच्चों की मौत पर 50-50 हजार की आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
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