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चल रही थी बहन की डोली विदा करने की तैयारी, लेकिन वहां से उठी दो भाईयों की अर्थी, दर्दनाक तस्वीरें...

Thu, 18 Apr 2019 04:52 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क,अमर उजाला, हल्द्वानी
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हल्द्वानी में हादसा - फोटो : अमर उजाला
कुदरत का नियम भी अजीब है। एक ऐसी बहन जिसके पिता और भाई इस दुनिया से चले गए, वह मौसेरे और ममेरे भाई के सहारे आगे बढ़ी। उसी के साथ ऐसा होगा कभी किसी ने सोचा नहीं था। इन दोनों भाइयों ने उसे डोली में बैठाकर विदा करना था, मगर कुछ घंटे पहले दोनों ने दुनिया छोड़ दी। 
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हल्द्वानी में हादसा
रामपुर रोड पर मंगलवार देर रात हुई यह घटना हर किसी को भी द्रवित करती है। रिटायर्ड तहसीलदार शंकरलाल की चार साल पहले बीमारी के चलते मौत हो गई थी। उनके इकलौते बेटे अमित कुमार की भी दो साल पहले मौत हो गई। शंकरलाल की दो बेटियों की शादी हो चुकी है। छोटी बेटी रिया उर्फ रुचि का मंगलवार रात मंडप सजा था। 
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हल्द्वानी में हादसा - फोटो : अमर उजाला
बरातघर में खुशी थी। शादी के मंत्रोचार हो रहे थे। मंगल गीत गाए जा रहे थे लेकिन ऐसा हुआ जिसकी कोई कल्पना नहीं कर सकता। ममेरे भाई आदर्श उर्फ अंशुल और मौसेरे भाई आशीष को कार ने कुचल दिया। रिया को किसी ने कुछ नहीं बताया। 

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हल्द्वानी में हादसा - फोटो : अमर उजाला
आनन-फानन में उसे रात दो बजकर 40 मिनट पर ससुराल (दिल्ली) के लिए रवाना कर दिया गया। घटना के बाद रिया के परिवार के लोग अस्पताल में थे लेकिन किसी ने रिया को इस बारे में नहीं बताया। विदाई के बाद मायके वालों ने जागकर रोते हुए रात गुजारी। 
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हल्द्वानी में हादसा
रिया का बालावाला देहरादून निवासी ममेरा भाई आदर्श उर्फ अंशुल अपने पिता जगदीश प्रसाद का इकलौता बेटा था। जगदीश प्राइवेट जॉब करते हैं। उनकी एक बेटी हैं।मौसेरा भाई आशीष के पिता प्रमोद कुमार नैनीताल में दुकान करते हैं। आशीष नैनीताल डीएसबी से एचएम की पढ़ाई कर रहा था। आशीष का बड़ा भाई शुभम देहरादून से मेडिकल की पढ़ाई कर रहा है। 
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हल्द्वानी में हादसा - फोटो : अमर उजाला
आशीष का शव बुधवार शाम डफनलॉज स्थित आवास में लाया गया। पड़ोसी और रिश्तेदारों का वहां जमावड़ा लगा रहा। शाम करीब सात बजे गमगीन माहौल में पाइंस स्थित घाट में उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया। 
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