शराब से मौत
भट्टी पर शराब तैयार करने के लिए गुड़, लाहन, बर्तन समेत अन्य सामान एकत्रित करना पड़ता है। ऐसे में मुखबिरी होने पर गिरफ्तारी होने का खतरा ज्यादा रहता है, लेकिन सिंथेटिक शराब के धंधे में लगे लोगों को इन सब से निजात मिल गई है। इसके अलावा यह सिंथेटिक शराब आसानी से एक जिले से दूसरे जिले भेज दी जाती है। क्योंकि इस सिंथेटिक शराब को पहचानने में पुलिस भी धोखा खा जाती है।