जोशीमठ में घरों से पानी का रिसाव
- फोटो : अमर उजाला
दरअसल, डॉ. मौर्य को एक प्रोजेक्ट के अंतर्गत भूमि के भीतर पानी की स्थिति जांच के लिए ईआरटी (इलेक्ट्रिकल रेजीस्टिविटी टोमोग्राफी) मशीन मिली है। ये भूमि के भीतर कई मीटर तक 3डी इमेज हासिल कर सकती है जिससे अंडरग्राउंड वाटर के मूवमेंट का पता चलता है।