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इंटरनेशनल वेटलैंड साइट में शामिल हुआ देहरादून का आसन कंजर्वेशन, देखिए खूबसूरत तस्वीरें...

Thu, 15 Oct 2020 09:40 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, विकासनगर (देहरादून)
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- फोटो : अमर उजाला
रामसर कनवेंशन ने देहरादून जिले के विकासनगर स्थित आसन कंजर्वेशन रिजर्व को अंतरराष्ट्रीय महत्व की साइट घोषित किया है। साथ ही देश में रामसर साइट की संख्या 38 पहुंच गई है। जो पूरे साउथ एशिया में सबसे अधिक है। अंतरराष्ट्रीय महत्व की साइट घोषित होने के साथ ही आसन कंजर्वेशन रिजर्व प्रदेश का पहला रामसर साइट बन गया है। 
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- फोटो : अमर उजाला
इस बात की जानकारी मिनिस्ट्री ऑफ एनवायरमेंट एंड फॉरेस्ट ने ट्वीट कर साझा की है। लंबे से वन विभाग के अधिकारी आसन कंजर्वेशन रिजर्व को रामसर साइट में शामिल करने की कोशिश कर रहे थे, जिसमें अब सफलता मिल गई है। 
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- फोटो : अमर उजाला
चकराता वन प्रभाग के वन प्रभागीय अधिकारी दीपचंद आर्य ने इस उपलब्धि को विभागीय अधिकारियों कर्मचारियों समेत स्थानीय लोगों के सहयोग का नतीजा बताया। कालसी ब्लॉक के जेष्ठ उपप्रमुख भीम सिंह चौहान ने इस उपलब्धि पर हर्ष व्यक्त करते हुए कहा कि इससे क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। 

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- फोटो : अमर उजाला
विकासनगर तहसील मुख्यालय से करीब 15 किमी दूर स्थित आसन झील और उसके आसपास के इलाके को वर्ष 2005 में आसन कंजर्वेशन रिजर्व घोषित किया गया था। यह देश का पहला कंजर्वेशन रिजर्व है। 444.40 हेक्टेयर भूभाग में फैले इस रिजर्व में हर साल 54 से अधिक विदेशी प्रजातियों के पक्षी प्रवास पर पहुंचते हैं। 
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- फोटो : अमर उजाला
अक्तूबर में इन पक्षियों के आने का सिलसिला शुरू हो जाता है। दिसंबर मध्य तक इनकी संख्या अपने सर्वोच्च स्तर पर होती है। मार्च तक झील ही इन पक्षियों का निवास स्थान होता है। झील में मध्य एशिया समेत चीन, रूस आदि इलाकों से पक्षियां प्रवास पर पहुंचते हैं। 
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- फोटो : अमर उजाला
क्या है रामसर कंवेशन 
रामसर कंवेंशन (सम्मेलन) नम भूमि के संरक्षण के लिए विश्वस्तरीय प्रयास है। बढ़ते शहरीकरण एवं औद्योगीकरण के कारण विश्वभर में झीलों को अनेक प्रकार से क्षति पहुंची है। वर्ष 1971 में संयुक्त राष्ट्र ने ईरान के रामसर नामक स्थान पर अंतरराष्ट्रीय कंवेंशन बुलाई थी। इसमें विश्व के तमाम राष्ट्रों द्वारा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तमाम राष्ट्रों में वेटलैंड क्षेत्रों को संरक्षित एवं संबंधित करने का संकल्प लिया गया था।
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- फोटो : अमर उजाला
ये हैं भारत के रामसर (वेटलैंड) स्थल
कोलेरु झील (आंध्र प्रदेश), गहरा बील (असम), नालसरोवर पक्षी अभयारण्य (गुजरात), चंदेरटल वेटलैंड (हिमाचल प्रदेश), पौंग बांध झील (हिमाचल प्रदेश), रेणुका वेटलैंड (हिमाचल प्रदेश), होकेरा वेटलैंड (जम्मू और कश्मीर), सूरिंसार-मानसर झीलें (जम्मू-कश्मीर), त्सो-मोरीरी (लदाख), वुलर झील (जम्मू-कश्मीर), अष्टमुडी वेटलैंड (केरल), सस्थमकोट्टा झील (केरल), वेम्बनाड-कोल वेटलैंड (केरल), भोज वेटलैंड भोपाल, (मध्य प्रदेश), लोकटक झील (मणिपुर), भितरकनिका मैंग्रोव (ओडिशा), चिल्का झील (ओडिशा), हरिके झील (पंजाब), कंजली झील (पंजाब), रोपड़ (पंजाब), सांभर झील (राजस्थान), केवलादेव राष्ट्रीय उद्यान (राजस्थान), प्वाइंट कैलिमेरे वन्यजीव और पक्षी अभयारण्य (तमिलनाडु), रुद्रसागर झील (त्रिपुरा), ऊपरी गंगा नदी, ब्रजघाट से नरौरा खिंचाव (उत्तर प्रदेश), पूर्व कलकत्ता वेटलैंड्स (पश्चिम बंगाल), सुंदर वन डेल्टा (पश्चिम बंगाल), आसन कंजर्वेशन रिजर्व देहरादून (उत्तराखंड)
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