बताया जा रहा है कि सोमवार को टीम की कार्रवाई की बात लीक हो चुकी थी। इसके चलते टीम के पहुंचने से पहले ही फैक्टरी में काम करने वाले फरार हो चुके थे। उधर, जिस जगह दवाएं बनाई जा रही थी, वह गोदाम घेर के अंदर था। किसी को इसकी भनक न लगे, इसलिए घेर के अंदर दीवार भी बनाई गई है। सीढ़ियों से दीवार पार कर दवाएं सप्लाई की जाती थी।