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हादसे जो 2018 में बन गए 'ग्रहण', कहीं जिंदा दफन हुईं कई जिंदगियां, कहीं चमत्कार ने बचाई जान

Tue, 25 Dec 2018 08:52 AM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क/अमर उजाला, देहरादून
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साल 2018 में हुए कुछ ऐसे हादसे जो कई परिवारों की खुशियों के लिए ग्रहण बन गए। इन हादसों ने केवल उन परिवारों को ही नहीं बल्कि देवभूमि के हर एक इंसान को झकझोक कर रख दिया। कहीं पूरा परिवार खत्म हुए तो कहीं एक साथ कई जिंदगियां दफन हो गईं। जानिए ऐसे ही कुछ हादसों के बारें में...
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डंपर से कुचलकर हुई 11 तीर्थयात्रियों की दर्दनाक मौत

18 मई को टनकपुर-बनबसा हाईवे पर एक डंपर मां पूर्णागिरि धाम जा रहे तीर्थयात्रियों पर चढ़ गया। हाईवे पर हुए इस हादसे में 11 तीर्थयात्रियों की मौत हो गई है। सभी तीर्थयात्री उत्तरप्रदेश के थे। तीर्थयात्री माता की डोली लेकर पूर्णागिरी धाम जा रहे थे। हादसा कमलपथ के पास हुआ। छह तीर्थयात्रियों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। जबकि अस्पताल ले जाए गए अन्य पांच घायलों की मौत उपचार के दौरान हुई।
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बस खाई में गिरने से 14 यात्रियों की एक साथ मौत

19  नवंबर को यमुनोत्री हाईवे पर डामटा रिखाऊंखड्ड के पास एक बस अनियंत्रित होकर यमुना नदी में जा गिरी। हादसे में 14 लोगों की मौत हो गई और 14 लोग घायल हो गए।हनुमानचट्टी से विकासनगर के लिए निकली लोकल यात्री बस दोपहर सवा बारह बजे डामटा रिखाऊंखड्ड के पास अनियंत्रित होकर करीब दो सौ मीटर नीचे यमुना नदी में जा गिरी। बस के पीछे चल रहे टैक्सी वाहन के चालक ने हादसे की सूचना पुलिस को दी।दुर्घटनाग्रस्त बस के खड़ी ढाल पर करीब दो सौ मीटर नीचे यमुना नदी में गिरने से रेस्क्यू टीम को अभियान में खासी मशक्कत करनी पड़ी।हादसे की सूचना मिलते ही एंबुलेंस आदि संसाधनों के साथ मौके पर पहुंचे डीएम डा.आशीष चौहान ने रेस्क्यू अभियान की कमान संभाली। दुर्घटनाग्रस्त बस के यमुना नदी में गिरने से कुछ लोगों के नदी में बहने की आशंका पर गोताखोरों की टीम भी मौके पर बुला ली गई थी, लेकिन फिर देर शाम सभी 14 मृतकों के शव खाई से निकालने और 14 घायलों को हायर सेंटर भेजने के बाद रेस्क्यू अभियान बंद कर दिया गया। 

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accident in uttarkashi
टैंपो खाई में गिरने से 13 लोगों की मौत

04 सितंबर को उत्तरकाशी गंगोत्री हाईवे पर भटवाड़ी से करीब सात किमी दूर गंगोत्री की ओर एक टैंपों ट्रैवलर वाहन दुर्घटनाग्रस्त होकर करीब पचास मीटर गहरी खाई में जा गिरा। हादसे में 13 लोगों की मौत हो गई, जबकि 2 लोग गंभीर रूप से घायल हुए।  दुर्घटनाग्रस्त वाहन में असी गंगा घाटी के भंकोली गांव के ग्रामीण सवार थे। जो गांव के आराध्य देवता के साथ गंगोत्री धाम से गंगा स्नान कर लौट रहे थे। इस धार्मिक यात्रा के जत्थे में एक टैंपो ट्रैवलर समेत 16 टैक्सी वाहन शामिल थे। हादसा इतना भीषण था कि वाहन के परखच्चे उड़ गए। इस वाहन में चालक समेत 15 लोग सवार थे।
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car accident - फोटो : अमर उजाला
बारात की कार खाई में गिरने से 5 लोगों की मौत
12 फरवरी को प्रतापनगर ब्लॉक के आबकी गांव से उत्तरकाशी गई बारात का वाहन लौटते समय अनियंत्रित होकर चूलीखेत के पास जलकुर नदी के किनारे गिर गया। हादसे में आबकी निवासी चालक बलबीर सिंह रमोला समेत पांच लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। खाई से चार लोगों के शव निकाल लिए गए हैं लेकिन उनकी शिनाख्त नहीं हो पाई है। हादसे में  दो ग्राम प्रधान समेत पांच लोग घायल हो गए। 
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टैंपो खाई में गिरने से 9 लोगों की दर्दनाक मौत

6 अक्टूबर को गंगोत्री हाईवे पर शुक्रवार शाम को बड़ा हादसा हो गया। एचारधाम यात्रा पर निकले गुजरात के तीर्थयात्रियों से भरा टैंपो ट्रैवलर वाहन सुनगर के पास अनियंत्रित होकर गहरी खाई में जा गिरा। हादसे में नौ लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पांच लोग घायल हुए।  हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन और एसडीआरएफ की टीम घटनास्थल पर पहुंच गई। दुर्घटनाग्रस्त वाहन में सवार सामान्य घायल दयाल जाधव पुत्र तुलसी भाई ने बताया कि इस वाहन में कुल 13 तीर्थयात्री और एक वाहन चालक सवार थे। सभी तीर्थयात्री सुभाषनगर, राजकोट, गुजरात के रहने वाले हैं और सभी यात्री 50 से 55 साल आयुवर्ग के हैं। सब लोग 30 सितंबर को गुजरात से यात्रा के लिए निकले थे।
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हादसे में बची एक साल की बच्ची
हादसे में पांच लोगों की मौत लेकिन बच्ची को नहीं आई खरोच

15 अक्टूबर को धरासू-जोगत मोटर मार्ग पर सोमवार सुबह भड़कोट गांव के पास एक टैक्सी के दुर्घटनाग्रस्त होने से उसमें सवार पांच लोगों की मौत हो गई और पांच लोग घायल हो गए लेकिन हादसे में बच्ची को खरोंच तक नहीं आई है, जबकि दुर्घटना में बच्ची की मां और दादा की मौत हो गई है। बनकोट निवासी संदीप सिंह की पत्नी कृष्णा देवी व पिता पुलम सिंह एक वर्ष की वंशिका को लेकर चिन्यालीसौड़ जा रहे थे। जहां सुकन्या समृद्धि योजना के तहत वंशिका का बैंक खाता खुलवाया जाना था, लेकिन काल के कुचक्र ने ऐसा फेर रचा कि भड़कोट बैंड के निकट उनका वाहन खाई में जा गिरा।
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