अग्निवीर भर्ती
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गबर सिंह कैंप की भर्ती में शामिल होने के लिए प्रवेश और बाहर निकलने के लिए अलग द्वार बनाए गए हैं। प्रवेश करने के लिए काशीरामपुर तल्ला में रात को लाइन पर खड़ा होना पड़ रहा है, जबकि दौड़ से बाहर होने वाले युवाओं को कौड़िया कैंप के मुख्य द्वार से जाने की अनुमति है। कर्णप्रयाग चमोली के नंदन सिंह बिष्ट का कहना है कि भर्ती होने के लिए पूरी तैयारी के साथ आया था, लेकिन दौड़ में चंद सेकेंड से पिछड़ गया। वहीं, गोपेश्वर के दिग्विजय सिंह का कहना है कि समूह में दौड़ना और खाली ग्राउंड में दौड़ने में बड़ा अंतर है। इसके लिए अगली बार अधिक कड़ी मेहनत कर लौटेंगे।