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सचिन और विराट कोहली की तुलना पर बोले गांगुली, वन-डे क्रिकेट में दोनों एक ही जहाज पर हैं

Thu, 25 Oct 2018 04:41 PM IST
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
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विराट कोहली
टीम इंडिया के कप्तान विराट कोहली बेहतरीन फॉर्म में हैं और निरंतर ही बेहतर प्रदर्शन करते जा रहे हैं। पूर्व कप्तान सौरव गांगुली का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उनके प्रदर्शन को परिभाषित करने के लिए सटीक शब्द नहीं हैं। 
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SOURAV GANGULY - फोटो : self
गांगुली ने इंडिया टीवी से बातचीत में कहा, 'विराट कोहली के प्रदर्शन पर कुछ बोलने के लिए मेरे पास शब्द नहीं बचे। विकेट अलग था, परिस्थिति अलग थी, लेकिन उसने पूरा मैच बदलकर रख दिया। यह शानदार पारी थी। मेरे पास तारीफ में कहने के लिए शब्द नहीं है।'
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sachin tendulkar
वन-डे क्रिकेट में सचिन तेंदुलकर के साथ ओपनिंग करने वाले गांगुली का मानना है कि जब बात क्रिकेट के छोटे प्रारूप की आती है तो कोहली बिलकुल मास्टर ब्लास्टर जैसे अच्छे हैं। उन्होंने कहा, 'मैंने सचिन तेंदुलकर को नजदीक से खेलते देखा है। उन्होंने 49 वन-डे शतक और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सैकड़ों का शतक जमाया। मगर कोहली किसी भी मामले में कम नहीं है। वह अब तक 37 शतक जमा चुका है और तेंदुलकर का रिकॉर्ड तोड़ने से ज्यादा पीछे नहीं है। यह जरूरी है कि कोहली हर परिस्थिति में खेले और अपने खेल में उस हिसाब से परिवर्तन करे। उन्हें पूरी टीम को अपने कंधों पर लेकर चलना है।'

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virat kohli
'दादा' के नाम से लोकप्रिय गांगुली ने कहा, 'हमने इंग्लैंड में भी देखा कि कोहली शतक जमा रहा है जबकि अन्य बल्लेबाज फ्लॉप हो रहे थे। वह सर्वकालिक महान भारतीय और विश्व स्तरीय क्रिकेटर है। वह अभी 30 साल का भी नहीं है और उसके सामने लंबा करियर है। 2014 इंग्लैंड दौरे के बाद कोहली एक बल्लेबाज के रूप में पूरी तरह बदले और उसके बाद 39 अंतरराष्ट्रीय शतक जमाए। यह अवश्विसनीय है। कोहली प्रत्येक क्रिकेटर के लिए उदाहरण है।'
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kohli and tendulkar
कोहली और तेंदुलकर की तुलना होती रही है। गांगुली का मानना है कि वन-डे क्रिकेट में दोनों ही खिलाड़ी एकसमान है। उन्होंने कहा, 'कोहली मास्टर है। इसमें कोई शक नहीं कि वन-डे क्रिकेट में कोहली तेंदुलकर के बराबर है। मैं कोहली और तेंदुलकर की तुलना नहीं कर रहा, दोनों ही बड़े खिलाड़ी हैं। हालांकि, कोहली मौजूदा पीढ़ी को अलग स्तर पर ले जा चुके हैं। उनकी निरंतरता और जोश गजब का है। कोई उन्हें रोक नहीं सकता। जब भी वह क्रीज पर आते हैं तो ऐसा लगता है जैसे उसका पहला मैच हो।'
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