भारतीय क्रिकेट के इतिहास में कई स्टार खिलाड़ी और कप्तान आए और गए, लेकिन इनमें से कुछ ही खिलाड़ियों ने दोनों किरदारों में अपनी छाप छोड़ी। इनमें से विराट कोहली और महेंद्र सिंह धोनी ऐसे नाम हैं, जो न केवल अपने खेल से बल्कि अपने जज्बे, नेतृत्व और रिकॉर्ड से हमेशा याद रखे जाएंगे। ये दोनों न केवल भारतीय क्रिकेट के लिए बल्कि पूरी क्रिकेट दुनिया के लिए प्रेरणा के स्रोत रहे हैं। वनडे क्रिकेट में 10,000 से अधिक रन बनाना अपने आप में बड़ी उपलब्धि है, लेकिन इसे 50 से अधिक की औसत से करना, एक अलग ही स्तर की बात है। और हैरानी की बात यह है कि यह कारनामा केवल दो बल्लेबाजों ने, कोहली और धोनी ने किया है।