फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आज भी टीम इंडिया के लिए खेलने को बेकरार गांगुली, कहा- बस तीन माह दो....

Fri, 17 Jul 2020 03:21 PM IST
Rohit Ojha स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
विज्ञापन
1 of 4
सौरव गांगुली - फोटो : सोशल मीडिया
भारतीय टीम के पूर्व कप्तान और मौजूदा बीसीसीआई अध्यक्ष सौरव गांगुली का टेस्ट क्रिकेट से लगाव एक बार फिर से दिखा है। उन्होंने ताजा दिए अपने बयान में कहा है कि अगर उन्हें तीन महीने की ट्रेनिंग और कुछ रणजी मैच खेलने को मिल जाएं तो वह फिर से टेस्ट क्रिकेट में रन बना सकते हैं। गांगुली ने यह बात एक बंग्ला अखबार संवाद प्रतिदिन में कही। गांगुली अपने क्रिकेट करियर के अंतिम दिनों पर इंटरव्यू दे रहे थे।
विज्ञापन

2 of 4
सौरव गांगुली - फोटो : सोशल मीडिया
उन्होंने कहा कि अगर मैंने दो और वन-डे सीरीज खेली होती, तो मेरे बल्ले से और रन निकलते। उन्होंने कहा कि अगर मैं नागपुर टेस्ट में रिटायर नहीं हुआ होता तो अगली दो टेस्ट सीरीज में भी रन बनाता। दादा ने कहा कि सच कहूं तो आप मुझे अभी ट्रेनिंग के लिए छह महीने दे दीजिए और मुझे रणजी मैच खेलने दीजिए। मैं भारत के लिए अभी भी टेस्ट क्रिकेट में रन बना दूंगा। सौरव ने कहा कि मुझे छह महीने भी नहीं चाहिए सिर्फ तीन ही दे दीजिए। मैं रन बनाऊंगा।
विज्ञापन

3 of 4
सौरव गांगुली - फोटो : social media
भारतीय टीम के पूर्व कप्तान ने कहा कि आप मुझे खेलने का मौका तो नहीं दे पाएंगे, लेकिन मेरे अंदर मौजूद विश्वास को कैसे तोड़ेंगे?' गांगुली ने कहा कि उन्हें वन-डे क्रिकेट से अनौपचारिक ढंग से बाहर किया गया। मैं 2007-08 में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले बल्लेबाजों में था, लेकिन मुझे टीम से बाहर कर दिया गया।
विज्ञापन

4 of 4
सौरव गांगुली और एमएस धोनी
उन्होंने कहा कि जब आपसे मंच ही छीन लिया जाए तो आपके बेहतरीन प्रदर्शन का कोई मतलब नहीं है। आप बिना मंच के क्या साबित करेंगे? और किसे साबित करेंगे? यही मेरे साथ हुआ। सौरव गांगुली ने साल 2008 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेली गई टेस्ट सीरीज के बाद अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास ले लिया था। उन्होंने अपने करियर का अंतिम टेस्ट मैच नागपुर में खेला था। सौरव ने अपना आखिरी वन-डे मुकाबला पाकिस्तान के खिलाफ साल 2007 में ग्वालियर के मैदान पर खेला था।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें