बहुत कम क्रिकेटर ऐसे होते हैं जो बहद कम उम्र में नाम और शोहरत हासिल कर लेते हैं। ऐसे ही एक क्रिकेटर हैं जिन्होंने बेहद कम उम्र में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपनी पहचान बनाई। लेकिन बहुत कम समय में चमक बिखेरकर ओझल भी हो गए।
विज्ञापन
Birthday Special: ऑलराउंडर बनने की ख्वाहिश ने खत्म कर दिया करियर
2 of 10
इरफान पठान
- फोटो : getty
इरफान पठान ने सबका ध्यान अपनी तरफ उस वक्त खींचा जब अंडर-19 क्रिकेट में उन्होंने पाकिस्तान के खिलाफ एक पारी में 9 विकेट हासिल किए। इसके बाद इरफान को राष्ट्रीय टीम में जगह मिल गई।
विज्ञापन
Birthday Special: ऑलराउंडर बनने की ख्वाहिश ने खत्म कर दिया करियर
3 of 10
इरफान पठान
- फोटो : getty
इरफान का पहला दौरा ऑस्ट्रेलिया का था। साल 2003 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मजह 19 वर्ष की उम्र में एडिलेड टेस्ट में पदार्पण किया था। जहां उन्होंने गिलक्रिस्ट और हेडेन जैसे खतरनाक बल्लेबाजों के सामने अच्छा प्रदर्शन करते हुए भारत को जीत दिलाई। सीरीज में इरफान ने अपने चयन को सही साबित किया। और टीम में अपनी जगह पक्की की। साल 2006 तक पठान राष्ट्रीय टीम का नियमित हिस्सा रहे।
Birthday Special: ऑलराउंडर बनने की ख्वाहिश ने खत्म कर दिया करियर
4 of 10
इरफान पठान
- फोटो : getty
जिस तरह उन्होंने कामयाबी की सीढ़ियां चढ़ीं थीं उससे लगता था कि कपिल देव के बाद भारतीय टीम में खाली हुई ऑलराउंडर की जगह को यह खिलाड़ी भर सकता है। लेकिन वह एक गलत सोच के शिकार हो गए।
विज्ञापन
Birthday Special: ऑलराउंडर बनने की ख्वाहिश ने खत्म कर दिया करियर
5 of 10
इरफान पठान
- फोटो : getty
साल 2006 में जब टीम इंडिया पाकिस्तान दौरे पर गई तब पठान की बहुत चर्चा हुई। पाकिस्तानियों ने कहा कि इरफान जैसे गेंदबाज पाकिस्तान के हर घर में है। लेकिन कराची टेस्ट में इराफन ने पहले ओवर की आखिरी तीन गेंदों में तीन विकेट लेकर धमाका कर दिया। यह टेस्ट क्रिकेट इतिहास में पहले ओवर में ली गई इकलौती हैट्रिक है। पठान टेस्ट हैट्रिक लेने वाले हरभजन के बाद दूसरे भारतीय थे।
विज्ञापन
Birthday Special: ऑलराउंडर बनने की ख्वाहिश ने खत्म कर दिया करियर
6 of 10
इरफान पठान
- फोटो : getty
साल 2003 में 19 साल की उम्र में टेस्ट करियर की शुरुआत करने वाले इरफान ने साल 2008 में 24 साल की उम्र में टीम इंडिया के लिए आखिरी टेस्ट खेला था। उसके बाद वह दोबारा टेस्ट टीम का हिस्सा नहीं बन सके। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में वह साल 2012 में टीम इंडिया का हिस्सा बने थे। अक्टूबर 2012 में वह टी-20 मैच में भारत की तरफ से श्रीलंका के खिलाफ खेले थे।
विज्ञापन
Birthday Special: ऑलराउंडर बनने की ख्वाहिश ने खत्म कर दिया करियर
7 of 10
इरफान पठान
- फोटो : getty
इरफान ने भारत के लिए 29 टेस्ट खेले और 32.26 की औसत से 100 विकेट हासिल किए। बल्लेबाजी में 31.57 की औसत से 1105 रन भी बनाए जिसमें एक शतक भी शामिल है।
Birthday Special: ऑलराउंडर बनने की ख्वाहिश ने खत्म कर दिया करियर
8 of 10
इरफान पठान
- फोटो : getty
इरफान ने भारत के लिए 120 वनडे मैच खेले जिसमें 23.39 की औसत से 1544 रन बनाए। इस दौरान इरफान ने 5 अर्धशतक भी बनाए। वहीं गेंदबाजी में 120 नडे में 29.72 की औसत से 172 विकेट भी हासिल किए।
Birthday Special: ऑलराउंडर बनने की ख्वाहिश ने खत्म कर दिया करियर
9 of 10
इरफान पठान
- फोटो : getty
भारत की तरफ से 24 टी-20 मैच में इरफान ने 28 विकेट हासिल किए और 172 रन भी बनाए। इरफान 2007 के टी-20 विश्वकप का हिस्सा थे। अपने भाई यूसुफ के साथ वह विश्वकप के फाइनल में खेले थे। ऐसा करने वाली भाइयों की यह पहली जोड़ी थी।
Birthday Special: ऑलराउंडर बनने की ख्वाहिश ने खत्म कर दिया करियर
10 of 10
इरफान पठान
- फोटो : getty
ग्रेग चैपल के कोच रहते इरफान को बल्लेबाजी के लिए उपर के क्रम में भेजा गया। चैपल का इरफान को एक ऑलराउंडर बनाने के प्रयास उनके क्रिकेट करियर को ले डूबा। इरफान उस दौरान गेंदबाजी से ज्यादा बल्लेबाजी पर ध्यान देने लगे। जिस गेंदबाजी के दम पर वह टीम में शामिल हुए थे। जिस स्विंग गेंदबाजी के कारण उन्हें स्विंग का सुलतान कहा जाता था। वह भी गेंदबाजी से नदारद हो गई।