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कंडोम की मशीनों का दिखने लगा असर, घट गए एड्स के मरीज

Tue, 01 Dec 2015 08:16 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
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एड्स के प्रति चलाए जा रहे अभियानों का असर अब दिखने लगा है। एड्स के मरीजों में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। पिछले दस वर्षों में एड्स पीड़ितों की संख्या में 0.27 प्रतिशत से 0.12 प्रतिशत गिरावट देखी गई है। प्रेग्नेंट वुमन में भी इसी तरह का ट्रेंड देखा गया है।
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कंडोम की मशीनों का दिखने लगा असर, घट गए एड्स के मरीज

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शहर में कई जगह कंडोम वेडिंग मशीनें लगाई थी, लेकिन एक दो साल बाद यह व्यवस्था बंद हो गई थी। हालांकि रिस्पांस पॉजीटिव था। आंकड़े बताते हैं कि महिलाओं में एड्स वायरस आने की सबसे बड़ी वजह उनके पति हैं। अधिकतर महिलाओं में पति से ही वायरस आया है। इनमें अधिकतर पतियों की तो मौत हो जाती है, लेकिन बाद में उनकी विधवाओं का जीवन यापन बहुत मुश्किल हो जाता है।

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चंडीगढ़ एड्स कंट्रोल सोसायटी के मुताबिक इसकी मुख्य वजह टारगेट इलाकों में लगातार अवेयरनेस और सर्विलांस सेंटर बेहतर होना बताया गया है। चंडीगढ़ के लोगों में एड्स की प्रीवलेंस बहुत कम पाया गया है। कुल एड्स पीड़ितों में चंडीगढ़ का अनुपात काफी कम है। कुल पीड़ितों में सिर्फ सात प्रतिशत लोग ही एचआईवी से पीड़ित हैं। शहर में कुल 20 टेस्टिंग सेंटर हैं। एक मोबाइल वैन है, जबकि दो नए सेंटर अंतिम दौर में हैं।

कंडोम की मशीनों का दिखने लगा असर, घट गए एड्स के मरीज

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एड्स पीड़ितों में अवेयरनेस फैलाने के लिए पूरे शहर में 700 से ज्यादा नॉन ट्रेडिशनल कंडोम आउटलेट खोले गए हैं। इनमें मुख्य रूप से पान की दुकान, सब्जियों की दुकान और इस्तरी करने वाले प्रमुख हैं। यहां लोगों को सस्ते रेट पर कंडोम उपलब्ध कराए जाते हैं। यहां पर कंडोम एचएएल उपलब्ध कराती है। नाको और एचएएल के बीच करार है। उसके तहत यहां पर कंडोम उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
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उन्हें नौकरी नहीं मिलती। रहने के लिए घर नहीं मिलते। कोई भी मकान मालिक उन्हें रखने के लिए तैयार नहीं होता। ऐसे में पीड़ित महिलाओं ने प्रशासन व सरकार से मांग की है कि उनके लिए जीवन यापन करने के लिए कुछ इंतजाम होने चाहिए। इससे उनके और उनके बच्चों के यापन में मुश्किलें न आएं।

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साल------जांच-----एचआईवी-----प्रेग्नेंट वुमन-----एचआईवी
2009-----22253----1099------20160----68 
2010------23519-----961-----21611----78
2011-------28684-----868-----22881---70
2012-------41205-----884-----22147----47
2013-------44752------778----22622---31
2014--------58794------793----24029---43
2015---------49686-----618-----21620---26 (अक्तूबर तक)
ये सभी तस्वीरें सेक्टर 46 के गवर्नमेंट ‌सीनियर सेकेंडरी स्कूल में एनएसएस के वॉलंटियर्स की हैं। ये विश्व एड्स‌ दिवस पर लोगों को कुछ यूं जागरूक कर रहे हैं।


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