अगर आपको ये लक्षण नजर आएं, तो बिल्कुल भी देर न करें। तुरंत एक तरीका अपनाकर जिंदगी बचा सकते हैं, वरना जान को खतरा हो सकता है। डिटेल जानकारी के लिए यहां क्लिक करें।
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doctor
इस बार स्वाइन फ्लू जाने का नाम नहीं ले रहा। चंडीगढ़ में अब तक स्वाइन फ्लू के 42 पॉजीटिव केस आ चुके हैं, जबकि दो की मौत हुई है। खतरा अब भी टला नहीं है। दरअसल, बारिश से तापमान में आ रही गिरावट इस बीमारी के बढ़ने की एक बड़ी वजह है। सोमवार को भी अधिकतम तापमान 22.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से तीन डिग्री कम था। रात का तापमान भी 12 डिग्री के आसपास रिकार्ड किया जा रहा है। अभी वेस्टर्न डिस्टरबेंस और भी आने हैं। इसका सीधा मतलब है कि आने वाले एक हफ्ते में तापमान में गिरावट नहीं आएगी। जब तक अधिकतम तापमान 25 डिग्री तक दर्ज नहीं किया जाता, तब तक स्वाइन फ्लू का खतरा बरकरार रहेगा। ऐसे में लोगों को एहतियात बरतने की जरूरत है।
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swine flu
इस नंबर पर कर सकते हैं कॉल
यदि आप स्वाइन फ्लू से संबंधित जानकारी चाहते हैं तो एनवीबीडीसीपी के हेल्पलाइन नंबर 9779558282 पर कॉल कर सकते हैं। इस नंबर के जरिए इलाज और जांच संबंधी जानकारी हासिल की जा सकती है। चंडीगढ़ के सभी अस्पतालों में स्वाइन फ्लू की जांच और इलाज उपलब्ध है। इसके होने पर घबराने की आवश्यकता नहीं है। लक्षण आने पर नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर संपर्क करें।
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swine flu
लक्षणों को पहचानिए
बुखार और खांसी, गला खराब, नाक बहना या बंद होना, सांस लेने में तकलीफ और बदन दर्द, सिर दर्द, थकान, ठिठुरन, दस्त, उल्टी, बलगम में खून आना
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Doctor writes prescription
- फोटो : social media
ऐसे करें बचाव
खांसने और छींकने के दौरान अपनी नाक व मुंह को कपड़े से ढंके। बाहर से आने पर हाथों को साबुन से अच्छी तरह से धोएं। जिन इलाकों में स्वाइन फ्लू हैं, वहां से जाने से बचें। भीड़-भाड़ वाले क्षेत्रों में जाने से बचें। फ्लू से संक्रमित हैं तो घर पर ही आराम करें। फ्लू पीड़ित से दूरी बनाकर रखें। पौष्टिक आहार लें और खूब पानी पीएं।तनावमुक्त रहें, शारीरिक रूप से क्रियाशील रहें व अच्छी नींद लें।
क्या न करें
गंदे हाथों से आंख, नाक या मुंह को छूना, सार्वजनिक स्थानों पर थूकना। किसी को मिलने के दौरान गले लगना, चूमना या हाथ मिलाना। बिना डॉक्टर को दिखाए दवाएं लेना। इस्तेमाल किए हुए नैपकिन, टिशू पेपर इत्यादि खुले में फेंकना। फ्लू वायरस से दूषित रेलिंग, दरवाजे आदि को न छुए। सार्वजनिक स्थलों पर धूम्रपान करना। यहां-वहां थूकने से बचें।