'एनकाउंटर के बाद गैंगस्टरों के छिपने वाली जगह की छानबीन की गई तो पता चला कि यह तो राजस्थान की सीमा में आता है'
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Gangsters Vicky Gounder, Prema Lahoriya shot dead
गैंगस्टर विक्की गौंडर और प्रेमा लाहोरिया को पकड़ने के दौरान हुए एनकाउंटर की जानकारी देते हुए पंजाब पुलिस प्रमुख ने बताया कि पुलिस टीम को 26 जनवरी को सूचना मिली थी कि दोनों अपराधी गांव पंजावा में एक अड्डे पर छिपे हैं। यह भी पता लगा कि लखविंदर सिंह उर्फ लक्खा पुत्र इकबाल सिंह, जोकि विक्की गौंडर का करीबी था, वह भी उसी गांव में रह रहा है।
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Gangsters Vicky Gounder, Prema Lahoriya shot dead
इसी दौरान पुलिस टीम को पता लगा कि दोनों गैंगस्टर लखविंदर सिंह उर्फ लक्खा की ढाहणी पर छिपे हैं। खुफिया तरीके से ढाहणी की पूरी छानबीन करने के बाद आपरेशन के लिए 35 पुलिस अधिकारियों की पांच टीमों का गठन किया गया, जिन्होंने शुक्रवार सुबह 5.30 बजे आपरेशन शुरू किया। पुलिस की एक हथियारबंद टीम ने मकान की छत पर चढ़कर पूरे घर को अपनी निगरानी में ले लिया, वहीं दूसरी पुलिस टीम ने घर की पिछली दीवार के साथ मोर्चाबंदी कर ली।
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Gangsters Vicky Gounder, Prema Lahoriya shot dead
इस मकान के तीन दरवाजे हैं, जिसे देखते हुए पुलिस की तीसरी टीम मुख्य गेट से अंदर पहुंची जबकि बाकी टीमों ने अन्य दो दरवाजों के निकट पोजीशन संभाल ली। डीजीपी के अनुसार, छत पर दबे पांव पुलिस टीम के पहुंचने के बावजूद कुछ आवाज होने से घर में छिपे लोगों को पुलिस के आने की भनक लग गई। कमरे में छिपे तीनों आनन-फानन में बाहर निकलकर भागे। इस दौरान उन्होंने पुलिस पर फायरिंग भी शुरू कर दी। तीनों व्यक्तियों में से एक मकान के पास ही खड़ी मिनी बस की आड़ में छिप गया।
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Gangsters Vicky Gounder, Prema Lahoriya shot dead
इस बीच दोनों गैंगस्टर मकान की पिछली दीवार की तरफ भागे। तभी मिनी बस के पीछे छिपे व्यक्ति ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी ताकि पुलिस का ध्यान बंट जाए और दोनों गैंगस्टर बच निकालने में सफल रहें। डीजीपी के अनुसार, इस दौरान भी पुलिस की तरफ से उन्हें आत्मसमर्पण के लिए बार-बार कहा गया, जिसके जवाब में दोनों गैंगस्टर और उनका साधी लगातार पुलिस टीमों पर गोलीबारी करते रहे।
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Vicky Gounder killed
इससे एसआई बलविंदर सिंह और एएसआई कृपाल सिंह जख्मी हो गए। आखिरकार पुलिस टीमों ने तीनों अपराधियों के खिलाफ फायर खोलना पड़ा। छत्त में पोजीशन लिए हुए पुलिस टीम की गोली लगने से मिनी बस के पीछे छिपकर फायर कर रहा व्यक्ति घायल हो गया जबकि मकान की पिछली दीवार फांदते हुए प्रेमा लाहोरिया को गोली लगी और दीवार के पार जा गिरा।इसी बीच विक्की गौंडर भी पुलिस की गोली नहीं बच सका। डीजीपी ने बताया कि पुलिस की जवाबी कार्रवाई में गौंडर और लाहौरिया मारे गए जबकि उनके तीसरे साथी को दोनों तरफ की गोलीबारी के दौरान लगी चोटों के कारण इलाज के लिए अबोहर के अस्पताल ले जाया गया जहां इलाज दौरान उस की मौत हो गई।
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पंजाब के डीजीपी सुरेश अरोड़ा
- फोटो : फाइल फोटो
एनकाउंटर के बाद पता चला घटनास्थल राजस्थान में है
डीजीपी सुरेश अरोड़ा ने बताया कि एनकाउंटर के बाद गैंगस्टरों के छिपने वाली जगह की छानबीन की गई तो पता चला कि यह ढाहणी तो राजस्थान की सीमा में गांव पक्की थाना हिंदूमल कोट जिला गंगानगर का हिस्सा है, जो पंजाब सीमा से महज 50 मीटर दूर है। उन्होंने बताया कि गैंगस्टर दो दिन से इस ढाहणी में छिपे थे। चूंकि आपरेशन राजस्थान सीमा के भीतर किया जा चुका था, इसलिए तुरंत इसकी जानकारी एसपी गंगानगर और एसएचओ थाना हिन्दूमल्ल कोट से साझा की गई और वह अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए।
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गैंगस्टर विक्की गौंडर
गौंडर पर 7 और प्रेमा पर था 2 लाख का इनाम
सुरेश अरोड़ा ने बताया कि गौंडर पर पंजाब पुलिस ने 7 लाख रुपये और बाकी इनाम राजस्थान पुलिस ने रखा था। वहीं, प्रेमा लाहोरिया पर 2 लाख का इनाम रखा गया था। उन्होंने बताया कि गौंडर सोशल मीडिया के द्वारा आतंकवादी गतिविधियों को फैलाने और अपने विरोधी गिरोहों और पुलिस अफसरों को निशाना बनाने के लिए धमकी देने के साधन के तौर पर इस्तेमाल कर रहा था। वह बहुत से फेसबुक्क अकाउंटस का भी प्रयोग कर रहा था जो कि खाड़ी देशों, साइप्रस और जर्मनी सहित विभिन्न देशों से उसके सहयोगियों द्वारा चलाए जा रहे थे। इस मौके पर डीजीपी इंटेलिजेंस दिनकर गुप्ता ने खुलासा किया कि गौंडर के विभिन्न फेसबुक खातों में कुल एक लाख फालोअर थे और सभी खातों में कुल 4-5 लाख फेसबुक फालोअर थे।
अभी पंजाब में सक्रिय हैं 17 अन्य गैंगस्टर : अरोड़ा
पंजाब पुलिस प्रमुख सुरेश अरोड़ा का कहना है कि जनवरी 2017 तक राज्य में ए श्रेणी के 17 और बी श्रेणी के 21 गैंग सक्रिय थे। लेकिन एक साल के दौरान कुछ गैंगस्टरों को गिरफ्तार या ख़त्म कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि इस समय संगठित अपराध नियंत्रण इकाई (ओसीसीयू) की तरफ से ए श्रेणी के 8 और बी श्रेणी के 9 बाकी बचे गैंगस्टरों को काबू करने पर ध्यान दिया जा रहा है।