भाजपा ने सपना चौधरी को नहीं, बल्कि टिक टॉक गर्ल सोनाली फोगाट को हरियाणा विधानसभा चुनाव टिकट दिया। आखिर क्यों, इसकी असली वजह सामने आ गई है।
विज्ञापन
2 of 6
सोनाली फोगाट
- फोटो : सोशल मीडिया
डांसर सपना चौधरी व एक और सुधार कार्यक्रम के प्रोजेक्ट डायरेक्टर रॉकी मित्तल भी हरियाणा में भाजपा टिकट पर चुनाव लड़कर विधानसभा की दहलीज लांघने का सपना देख रहे थे, लेकिन दोनों का सपना टूट गया। रॉकी को अपने गृह विधानसभा क्षेत्र कैथल से भाजपा टिकट नहीं मिल पाया, जबकि सपना चौधरी पूरे प्रदेश में कहीं से भी टिकट का दम भर रही थीं। भाजपा ने उन्हें भी चुनाव मैदान में नहीं उतारा है।
विज्ञापन
3 of 6
सोनाली फोगाट
- फोटो : सोशल मीडिया
इनसे किस्मत वाली तो टिक टॉक गर्ल सोनाली फोगाट निकली, जो फतेहाबाद की होने के बावजूद हिसार जिले की आदमपुर विधानसभा सीट से भाजपा टिकट हासिल करने में सफल रहीं। दरअसल, टिक टॉक पर मशहूर टीवी कलाकार सोनाली भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश उपाध्यक्ष भी थीं, जिसका उन्हें लाभ मिला। फोगाट के टिकटॉक पर लगभग 1.20 लाख फॉलोअर हैं और उन्होंने लगभग 175 वीडियो बनाए हैं जो हरियाणा में खासकर युवा मतदाताओं के बीच काफी लोकप्रिय हैं।
4 of 6
सोनाली फोगाट
- फोटो : सोशल मीडिया
सोनाली की लोकप्रियता को भांपते हुए ही भाजपा ने छोटे पर्दे की इस अभिनेत्री को मौजूदा विधायक बिश्नोई के खिलाफ मैदान में उतारा है। अब कुलदीप बिश्नोई के सामने 52 साल का पारिवारिक गढ़ आदमपुर बचाने की चुनौती है। यहां से 1967 के पहले चुनाव में हरिसिंह जीतकर विधानसभा पहुंचे थे। उसके बाद से इस सीट पर भजनलाल परिवार का दबदबा आज तक कायम रहा है लेकिन अब उनकी मुश्किलें भाजपा ने यहां से सेलिब्रेटी सोनाली फोगाट को उतारकर बढ़ा दी हैं।
विज्ञापन
5 of 6
सोनाली फोगाट
- फोटो : सोशल मीडिया
वास्तव में भाजपा ने सोनाली को भजनलाल परिवार का गढ़ भेदने के लिए ही मैदान में उतारा है। आदमपुर सीट से कुलदीप बिश्नोई पिछली बार जीते थे। भाजपा सोनाली के जरिए कुलदीप को चुनावी दंगल में चित करना चाहती है। सोनाली फोगाट फतेहाबाद जिले के भूठन गांव से ताल्लुक रखती हैं। उनके पिता एक किसान हैं और खेतीबाड़ी करते हैं। सोनाली ने दूरदर्शन पर आठ साल तक काम किया। आदमपुर से भाजपा टिकट मिलते ही टिकटॉक पर उनके फॉलोअर्स की संख्या बढ़ गई है।
वहीं सपना चौधरी का प्रदेश की राजनीति में आने का सपना फिलहाल टूट गया है। पहले उनके रोहतक, सोनीपत, भिवानी-महेंद्रगढ़ सीट से लोकसभा चुनाव लड़ने की अटकलें जोरों पर रहीं, फिर विधानसभा चुनाव में फतेहाबाद या आसपास की किसी सीट पर टिकट मिलने की उम्मीद जताई जा रही थी। मगर, ऐसा नहीं हुआ। सपना चौधरी को दिल्ली विधानसभा चुनाव में बाहरी दिल्ली की किसी सीट से टिकट दिया जा सकता है। भाजपा की मानें तो सपना की दिल्ली से जीतने की उम्मीद कहीं ज्यादा है।