पहली बार चंडीगढ़ में भूकंप के इतने तेज झटके महसूस किए गए कि पूरे शहर में एकदम से अफरा-तफरी मच गई। देखिए तस्वीरों में।
विज्ञापन
चंडीगढ़ में पहली बार लगे भूकंप के सबसे तेज झटके
2 of 6
पहली बार चंडीगढ़ में भूकंप के इतने तेज झटके महसूस किए गए कि पूरे शहर में एकदम से अफरा-तफरी मच गई। घरों और दफ्तरों से लोग बाहर निकल आए। सोमवार दोपहर बाद दो बजकर 39 मिनट 31 सेकेंड पर आए भूकंप के दो झटकों की चंडीगढ़ में रिक्टर स्केल पर तीव्रता करीब 6 दर्ज की गई है।
विज्ञापन
चंडीगढ़ में पहली बार लगे भूकंप के सबसे तेज झटके
3 of 6
ऐसा दावा किया गया है कि इससे पहले कभी भी भूकंप के इतने तेज झटके महसूस नहीं किए गए। मौसम विभाग के अनुसार 1905 में कांगड़ा में भूकंप आया था। उसका असर जरूर चंडीगढ़ में रहा होगा, लेकिन उसके बाद इस इलाके में इतने तेज झटके नहीं आए। हालांकि भूकंप से चंडीगढ़ में किसी नुकसान की कोई खबर नहीं है।
चंडीगढ़ में पहली बार लगे भूकंप के सबसे तेज झटके
4 of 6
चंडीगढ़ में इस साल तीन बार भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। 25 अप्रैल को पहला झटका 11 बजकर 41 मिनट पर, दूसरा 12 बजकर 15 मिनट पर महसूस किया गया था। हालांकि तीव्रता काफी कम थी, इसलिए उसे मापा नहीं जा सका था, लेकिन लोगों ने झटके जरूर महसूस किए थे। दूसरी बार 12 मई को झटके महसूस किए गए थे। इस दिन 12 बजकर 35 मिनट पर चंडीगढ़ में झटके महसूस किए गए।
विज्ञापन
चंडीगढ़ में पहली बार लगे भूकंप के सबसे तेज झटके
5 of 6
भूकंप की तीव्रता चार से पांच मैग्नीट्यूड दर्ज की गई थी। भूकंप की सूचना मिलते ही पीजीआई में मरीज और डॉक्टर डर के कारण बाहर निकल आए। नेहरू अस्पताल, ओपीडी, रिसर्च ब्लाक ए व बी और कैंटीन में भगदड़ मच गई। डायरेक्टर दफ्तर में भी दहशत का माहौल दिखा। डिप्टी डायरेक्टर चेतन पीएस राव सहित अन्य अधिकारी करीब 15 मिनट तक अपने दफ्तर से बाहर खड़े रहे।
रिसर्च ब्लॉक ए में भगदड़ देख सिक्योरिटी गार्ड ने नीचे दोनों दरवाजे खोल दिए, ताकि लोग बाहर निकल जाएं। डॉ. सुरेंद्र पाल, डायरेक्टर मौसम विभाग ने बताया कि चंडीगढ़ में भूकंप के काफी तेज झटके महसूस किए गए हैं। इसकी रिक्टर स्केल पर तीव्रता करीब छह के आसपास दर्ज की गई है। जब तीव्रता सात से ऊपर होती है तो नुकसान की आशंका रहती है।