इसे प्लानिंग कह लो या फिर हत्या को लेकर एक डर, लेकिन इस महिला ने पति की हत्या से पहले ऐसा काम किया। जिसे किसी ने सोचा तक नहीं था। अमूमन अपराध करने पर लोग सबूत नहीं छोड़ते लेकिन इस महिला ने ऐसा नहीं किया। पति की हत्या वाले दिन 31 अलग अलग नंबरों पर फोन कर दिए।
Trending Videos
विज्ञापन
2 of 9
एकम सिंह ढिल्लों हत्याकांड
- फोटो : अमर उजाला
एकम सिंह ढिल्लों हत्याकांड में 11 दिन बीत जाने के बाद भी मामले में शामिल तीनों आरोपी अभी तक पुलिस की पकड़ से बाहर है। लेकिन पुलिस जांच में सामने आया है कि एकम की हत्या वाले दिन सीरत ने अपने फोन से विभिन्न नंबरों पर 31 फोन कॉल्स की थी। लेकिन इसमें से एक भी कॉल उसने मामले के सह आरोपी व अपने भाई विनय बराड़ को नहीं की थी। इसके अलावा पुलिस ने अवैध संबंधों के मामले को भी सिरे से खारिज कर रही है।
विज्ञापन
3 of 9
एकम सिंह ढिल्लों हत्याकांड
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच चल रही है। किसी को माफ नहीं किया जाएगा। जबकि इससे पहले पुलिस को सीरत ने बताया था कि उसके भाई व उसका दोस्त पहले ही गाड़ी लेकर उसके घर के बाहर पहुंच गए थे। जैसे ही एकम घर पहुंचा था तो उसने उन्हें फोन कर बुला लिया था। इसके बाद हत्याकांड को अंजाम दिया गया। वहीं, एसएसपी कुलदीप सिंह चहल ने कहा कि पिस्तौल व फिंगर प्रिंट्स की फॉरेंसिक रिपोर्ट अभी तक नहीं आई है।
4 of 9
एकम सिंह ढिल्लों हत्याकांड
सूत्रों से पता चला है कि एकम की हत्या के बाद शव को सूटकेस में बंद करने के बाद सीरत ने खून से सने कपड़े, जिनमें एकम के कपड़े पैंट, शर्ट और बेडशीट को अन्य बैग में रखे थे। इसके बाद उसने एकम के शव वाली अटैची को ऊपर से गिरा कर नीचे पहुंचाया। इस दौरान कार में शव रखते हुए उसे अहसास हो गया कि ऑटो वाले को संदेह हो गया। इसके बाद वह मौके से फरार हो गई थी। साथ ही कपड़ों वाला फेज-आठ गुरुद्वारा साहिब चली गई थी।
विज्ञापन
5 of 9
एकम सिंह ढिल्लों हत्याकांड
जब सीरत गुरुद्वारा साहिब पहुंची भी तो उसने गुरुद्वारा साहिब के बाहर खून से सने कपड़ों वाला बैग रख दिया था। साथ ही माथा टेकने चली गई थी। जब वह गुरुद्वारा साहिब से बाहर आई तो बैैग वहां से गायब था। उसने पुलिस को बताया कि हो सकता है कि उसमें उसका पुराना फोन भी चला गया हो।
विज्ञापन
6 of 9
एकम सिंह ढिल्लों हत्याकांड
गुरुद्वारा साहिब के बाहर से जब बैग चोरी हो गया तो उसे संदेह हुआ कि वह कहीं पकड़ी न जाए। इसके बाद वह ऑटो से फेज-3बी2 पहुंची। वहां एक दुकानदार के पास वह गई। साथ ही कहा कि उसका फोन घर में रह गया है। इसके बाद उसने मां से कहा कि एकम इस दुनिया में नहीं रहा है। साथ ही उसे फेज-सात की मार्केट में बुलाया था।
विज्ञापन
7 of 9
एकम सिंह ढिल्लों हत्याकांड
- फोटो : अमर उजाला
इसके बाद वह फिर फेज-7चली गई थी। उसने फेज-7 की मार्केट से एक फोन खरीदा था। साथ ही उसने अपने क्रेडिट कार्ड से उसका भुगतान किया। इसके बाद वह उसी नंबर से लोगों के टच में थी। पता चला है कि सीरत की मां चंडीगढ़ स्थित एमएलए हॉस्टल में ही हत्या वाले दिन थी। इसके बाद जब सीरत ने उसे फोन कर बुलाया था तो वह उसे लेने फेज-7 की मार्केट में आई थी। इसके बाद वह उसे सुखना लेक लेकर चली गई थी। वहां पर वह गिरफ्तारी से पहले तक रही थी।
8 of 9
एकम सिंह ढिल्लों हत्याकांड
चंडीगढ़ निवासी प्रॉपटी डीलर का भी इसमें कोई रोल अभी तक सामने नहीं आया है। पता चला है कि सीरत ही उसे मैसेज करती थी। वहां से उसे कोई मैसेज नहीं आता था। वहीं, प्रापर्टी डीलर ने सीरत को साफ कर दिया था कि वह उसके दोस्त की पत्नी है। ऐसे में उसके साथ ही उसके घर आए। तभी उसकी सहायता कर सकता है।
अभी तक हत्या में प्रयोग किए गए पिस्टल की फॉरेसिंक रिपोर्ट पुलिस के पास नहीं आई है। वहीं, पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जो पिस्टल एकम के घर से बरामद हुआ था। वह अवैध था। वहीं, इस दौरान पिस्टल से एक गोली चली थी, जबकि एक गोली पिस्टल के चेंबर में फंसी थी।