शाहिद कपूर की फिल्म हैदर के लिए बेस्ट कॉस्टयूम डिजाइनिंग का नेशनल अवार्ड जीतने वाली डॉली अहलूवालिया ने सीक्रेट बताए। रिपोर्टः अरविंद बाजपेयी
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'हैदर' को नेशनल अवार्ड, देखिए, डॉली क्या बोली?
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अब तो मैं खुशी, शुक्रिया और थैंक्यू से ओवर ड्रंक हो गईं हूं। नेशनल फिल्म फेयर अवार्ड मिला तो और खुशी मिली। सच्चाई और मेहनत से काम कर रही हूं। यह इसका ही परिणाम है। यह कहना है बेस्ट कॉस्ट्यूम डिजाइनिंग के लिए नेशनल अवार्ड जीतने वाली सह अभिनेत्री और कास्ट्यूम डिजाइनर डॉली अहलूवालिया का।
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पंजाबी और बॉलीवुड की सह अभिनेत्री और कास्ट्यूम डिजाइनर डॉली अहलूवालिया के किरादार तो अहम हैं ही, कास्ट्यूम डिजाइनिंग में भी महारत है। उन्हें फिल्म हैदर के लिए अवार्ड दिया गया।
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डॉली अहलूवालिया ने कहा कि उनकी कोशिश है कि हमेशा थिएटर से जुड़ी रहें। ऐसी कहानी ज्यादा पसंद आती है जो सबके करीब हो। थिएटर से ही सबकुछ सीखने को मिला है। चाहे एक्टिंग हो या फिर कास्ट्यूम डिजाइनिंग, थिएटर का योगदान इसमें अहम है।
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डॉली ने कहा कि फिल्म विक्की डोनर की बात हो या डॉली की डोली का। हर किरदार में डॉली उतरीं तो जान पड़ गई और जब उनका डिजाइन किया गया कास्ट्यूम रंग लाया तो हिट फिल्म हैदर के लिए अवार्ड मिल गया।
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डॉली अहलूवालिया ने कहा कि हैदर फिल्म के लिए कास्ट्यूम डिजाइन करना काफी रिसर्च वर्क था। हर बात समझने के बाद उन्होंने कास्ट्यूम की डिजाइनिंग की। उनका फोकस तीन बातों पर रहता है, फिल्म की स्टार कास्ट, प्रोडक्शन हाउस और फिल्म की स्क्रिप्ट पर।
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डॉली अहलूवालिया ने कहा कि हैदर की कास्ट्यूम डिजाइन करनी थी तो उन्होंने पहले स्क्रिप्ट पढ़ी, फिर तैयारी की। डॉली अहलूवालिया ने कहा कि जब कोई काम करती हैं तो यह ध्यान रखती हैं कि उसे उसी तरह पूरी करें, जैसे एक महिला खूबसूरत स्वेटर बुनती है।
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ऑफिस जाने के लिए जब वे अपनी कार तक पहुंचे तो हील पहनकर कार ड्राइव करने की हिम्मत नहीं जुटा सके। बतौर एंड्रयू, ''महज तीन इंच की हील पहनने में मैं इतना असहज महसूस कर रहा था कि मेरे लिए खड़े रहना भी बड़ी बात थी, ऐसे में कार ड्राइविंग के लिए सोचना भी मुश्किल था।"
डॉली अहलूवालिया ने कहा कि बॉलीवुड और पंजाब का ट्रेंड सच्चाई के करीब जा रहा है। पब्लिक अब इसे पसंद कर रही है। छोटे बजट की फिल्में ज्यादा बड़ी हिट कर रही हैं। मसलन, आंखों देखी, दम लगा के हइशा जैसी फिल्मों ने कमाल किया है। आडियंस को ऐसी फिल्में ज्यादा पसंद आई हैं।