परिवार में पत्नी रंजीत कौर, मां पलविदंर कौर और दो बच्चे हैं। गुरुवार शाम शहीद का पार्थिव शरीर गांव पहुंचा तो पूरा गांव बिलख पड़ा। अंतिम संस्कार से पहले सेना के जवानों और श्री हरगोबिंदपुर के विधायक बलविंदर सिंह लाड़ी और परिजनों ने शहीद को श्रद्धांजलि दी। इसके बाद जवानों ने हथियार झुकाए और फिर हवाई फायरिंग कर शहीद गुरचरण सिंह की शहादत को सलामी दी।