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पहले भी अचानक बैन हो चुके हैं 500-1000 के नोट, ऐसा हुआ था हाल

Tue, 15 Nov 2016 11:21 AM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, चंडीगढ़
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पहले भी बदले गए नोट
चंडीगढ़ की अकाउंटेंट मीनू गुप्ता के मुताबिक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ही तरह 1978 में तत्कालीन पीएम मोरारजी देसाई ने 100 से ऊपर को नोटों पर बैन लगाकर सबको चौंका दिया था। 1000, 5000 और 10,000 रुपये के नोटों पर पाबंदी लगाई गई थी। पाबंदी का बड़ा असर हुआ था क्योंकि उस समय इन नोटों का बड़ा मोल था। 1000 रुपये में उस समय मुंबई में 5 स्क्वैयर फीट की जमीन खरीदी जा सकती थी जबकि 2016 में 1000 रुपये में एक स्क्वैयर फीट का 100वां हिस्सा भी खरीद पाना मुश्किल है।
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पहले भी बदले गए नोट
जनता सरकार के उस फैसले के बाद के माहौल को दिल्ली के सीनियर वकील अनिल हर्ष ने अपनी आंखों से देखा था। टाइम्स ऑफ इंडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि उस समय जिनके पास बेनामी संपत्ति के तौर पर घर में नोट पड़े थे वह इसे बैंक में जमा नहीं करना चाहते थे। अगर वे ऐसा करते तो इसमें फंसने का डर था इसलिए उन्होने कम कीमत पर नोटों को बेचना शुरू कर दिया। वकील अनिल हर्ष ने कहा, 'क्रॉफोर्ड मार्केट और जावेरी बाजार में लोग 1000 रुपये के नोट 300 रुपये में बेच रहे थे।'
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पहले भी बदले गए नोट
बैंक में पुराने नोटों को बदलने से पहले लोगों से फॉर्म भरवाया जाता था। अगर कोई ज्यादा मात्रा मात्रा में नोट लेकर आता था तो उसके बारे में बैंक अधिकारी इनकम टैक्स अधिकारियों को सूचना दे देते थे। फिर आईटी अधिकारी से पूछताछ में कोई आमदनी का स्रोत नहीं बता पाता था तो उस पर उस समय के हिसाब से पेनल्टी लगाकर टैक्स वसूला जाता था जो 90 प्रतिशत तक होता था।

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पहले भी बदले गए नोट
सीनियर चार्टर्ड अकाउंटेंट का कहना है कि 1978 में पुराने नोटों को बदलने का काम बिना किसी विशेष परेशानी के हो गया था क्योंकि 1000 रुपये के बडे़ नोट आम आदमी के पास नहीं थे। आज 500 और 1000 के नोट आम आदमी के पास हैं। एक और सीनियर एडवोकेट का कहना है कि 1978 में लोग नोटों को बदलने के लिए बैग में कैश भरकर बैंक आते थे। काले धन पर रोक लगाने का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का फैसला सही है लेकिन विचार पुराना है।
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पहले भी बदले गए नोट
1938 में ब्रिटिश सरकार ने 10,000 रुपये तक के नोट छापे थे। 1954 में इन नोटों को बदला गया और इतने ही मूल्य वाले नए नोट लाए गए। मोरारजी देसाई ने इन नोटों को खत्म कर दिया। 1987 में 500 के नोट फिर चलाए गए। 2000 के नवंबर में 1000 रुपये के नोट को सरकार ने फिर बाजार में उतारा। अब नरेंद्र मोदी ने 1000 रुपये के नोट को खत्म कर 2000 रुपये के नोट चलाने का फैसला लिया है। 500 रुपये का भी नया नोट चलाया जाएगा।
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