भारत में लॉन्ग टाइम इन्वेस्टमेंट के लिए लोग बड़े पैमाने पर अपने पैसों का निवेश पब्लिक प्रोविडेंट फंड में करते हैं। इसमें पैसों को निवेश करने पर लोगों को इनकम टैक्स के दायरों से छूट मिलती है। भारत में पीपीएफ में पैसों को निवेश करना काफी सुरक्षित माना जाता है। अगर आप अपने भविष्य को ध्यान में रखकर एक लंबी समय अवधि के लिए कहीं पर पैसों को निवेश करना चाहते हैं, तो पब्लिक प्रोविडेंट फंड सबसे बढ़िया विकल्प है। इसमें निवेश किए गए पैसों पर बाजार जोखिमों का खतरा नहीं रहता है। बात अगर रिटर्न की करें तो मौजूदा वक्त में पीपीएफ में सालाना 7.1 प्रतिशत की दर से ब्याज मिल रही है। पब्लिक प्रोविडेंट में अगर आप अपने पैसों को निवेश करते हैं, तो इसकी परिपक्वता आयु 15 साल की है। ऐसे में आप मैच्योरिटी के बाद ही इस स्कीम से अपने पैसों को निकाल सकते हैं। वहीं अगर आपका फंड इस स्कीम में मैच्योर हो चुका है, तो आज हम आपको उन विकल्पों के बारे में बताने वाले हैं, जिनकी मदद से आप अपने पैसों को पब्लिक प्रोविडेंट फंड से आसानी से निकाल सकते हैं।