फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

FY 2021-22: काम की बात: कल से हो रही है नए वित्त वर्ष की शुरुआत, संकटों से बचने के लिए इन बातों का रखें ध्यान

Wed, 31 Mar 2021 11:53 AM IST
‌डिंपल अलावाधी बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 7
financial year 2021-22: संकटों से बचने के लिए इन बातों का रखें ध्यान - फोटो : iStock
कोरोना वायरस महामारी ने 2020 में लोगों को बहुत परेशान और चिंतित रखा है। इसकी वजह से सभी क्षेत्रों में नुकसान हुआ है। निवेशक भी मुनाफे को लेकर परेशान हैं। कल से नया वित्त वर्ष शुरू हो रहा है। इसलिए हम आपको निवेश और बचत के चार ऐसे टिप्स बताने जा रहे हैं जिनके माध्यम से आप नए वित्त वर्ष में वित्तीय संकटों से बच पाएंगे।
विज्ञापन

2 of 7
इमरजेंसी फंड का करें इंतजाम - फोटो : pixabay
इमरजेंसी फंड का करें इंतजाम
आपको ध्यान रखना चाहिए कि किसी इमरजेंसी में खर्च के लिए आपके पास अतिरिक्त राशि की व्यवस्था रहे। इमरजेंसी अगर सेहत को लेकर हो, तो आपको और भी ज्यादा ध्यान देना होगा। भविष्य में अगर किसी कारण आपकी सेहत बहुत बिगड़ जाती है, तो इसके लिए आपके पास फंड का होना बेहद आवश्यक है। फाइनेंशियल प्लानर्स के अनुसार, किसी भी व्यक्ति को अपनी सैलरी का 80 फीसदी ही खर्च करना चाहिए और 20 फीसदी बचा के रखना चाहिए। जो पैसा आपने जमा किया हुआ है, उसको आप एक लिमिट में निकालकर अपने खर्च को बिगड़ने से बचा सकते हैं। रिटायरमेंट के बाद के लिए आपके पास सेहत के अतिरिक्त अन्य खर्चों को पूरा करने के लिए भी पैसे जुड़े होने चाहिए।
विज्ञापन

3 of 7
जरूर खरीदें स्वास्थ्य बीमा - फोटो : pixabay
जरूर खरीदें स्वास्थ्य बीमा
कोरोना महामारी के समय में स्वास्थ्य बीमा नहीं लेना ठीक वैसे ही है जैसे बिना मास्क के बाहर जाना। महामारी के दौर में अपने और परिवार की सुरक्षा के लिए स्वास्थ्य बीमा जरूर लें। इससे न सिर्फ अस्पतालों के भारी-भरकम खर्च से राहत मिलेगी, बल्कि आप पर वित्तीय बोझ भी नहीं पड़ेगा। इसलिए वर्ष 2021 में कदम रखते हुए अपने और अपने परिवार के इमरजेंसी मेडिकल खर्चों को कवर करने के लिए पर्याप्त स्वास्थ्य बीमा और महत्वपूर्ण बीमा योजनाएं खरीदना सबसे महत्वपूर्ण वित्तीय कदम है। 

4 of 7
जरूरी है रिटायरमेंट की प्लानिंग - फोटो : pixabay
जरूरी है रिटायरमेंट की प्लानिंग
नौकरी करते समय हम मकान, गाड़ी खरीदने और बच्चों की पढ़ाई या शादी के लिए ही पूंजी जुटाने में व्यस्त रहते हैं और खुद के लिए योजना बनाने का समय ही नहीं मिलता। लिहाजा आपको यह समझना होगा कि रिटायरमेंट पूंजी जमा करना भी अन्य लक्ष्यों जितना महत्वपूर्ण है। अगर इसमें देरी होती है तो पर्याप्त पूंजी एकत्र करना संभव नहीं होगा और रिटायरमेंट के बाद आर्थिक तंगी से गुजरना पड़ सकता है। इस लक्ष्य के लिए जितनी जल्दी हो सके अपने निवेश की शुरुआत कर दें।
विज्ञापन

5 of 7
समय पर शुरू करें निवेश  - फोटो : pixabay
समय पर शुरू करें निवेश 
कई लोग निवेश के बारे में नहीं सोचते हैं और इस कारण वो कीमती समय निकल जाता है जिसमें किया गया निवेश काफी अच्छे रिटर्न दे सकता था। जितनी जल्दी निवेश शुरू किया जाए, ज्यादा रिटर्न मिलने की संभावना उतनी ही बढ़ जाती है। वैसे तो भारत में लगभग हर किसी ने निवेश कर रखा है, लेकिन कुछ महिलाएं अब भी हैं जो कोई प्लानिंग नहीं करती हैं। उनका पैसा बैंक में ही जमा रहता है। ऐसे में अगर वो किसी इंश्योरेंस पॉलिसी में निवेश करते हैं, तो उनको अपने जरूरी खर्च निकालने के साथ-साथ पॉलिसी का प्रीमियम देने में कोई दिक्कत नहीं होगी। 
विज्ञापन

6 of 7
ज्यादा रिटर्न देने वाले विकल्पों में लगाएं पैसा - फोटो : pixabay
ज्यादा रिटर्न देने वाले विकल्पों में लगाएं पैसा
अगर आप सिर्फ एफडी या पीपीएफ जैसे पारंपरिक निवेश विकल्पों में निवेश करते हैं, तो आपको रिटर्न भी एक ही तरह का मिलता है। लेकिन आपको सिर्फ एक तरीके के निवेश विकल्पों से हटकर तेजी से रिटर्न देने वाले विकल्पों में पैसा लगाना चाहिए। म्यूचुअल फंड में एसआईपी के जरिए पैसा लगाते हैं, तो आपको काफी फायदा होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

7 of 7
क्रेडिट स्कोर बनाएं - फोटो : pixabay
क्रेडिट स्कोर बनाएं
लोन किसी इंसान की क्रेडिट क्षमता के आधार पर मिलता है। क्रेडिट इनफॉर्मेशन ब्यूरो इंडिया लिमिटेड (सिबिल) आपको 300 से 900 अंकों के बीच एक स्कोर प्रदान करता है। ये इस आधार पर तय होता है कि आपका पहले का क्रेडिट कार्ड उपयोग कितना है, आप अपना बैंक अकाउंट कैसे रखते हैं, कोई चेक तो बाउंस नहीं हुआ है, मौजूदा लोन, बिना इंश्योरेंस के मौजूदा लोन, लोन के रीपेमेंट और आपने कितनी बार लोन या क्रेडिट कार्ड के लिए आवेदन दिया है। जिन लोगों को सिबिल स्कोर 700 से ज्यादा होता है उन्हें लोन आसानी से मिल जाता है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें