फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मुकेश अंबानी से भी ज्यादा कमाते हैं ये 10 भारतीय, सैलरी जानकर रह जाएंगे दंग

Thu, 22 Aug 2019 04:44 PM IST
‌डिंपल अलवधी बिजनेस डेस्क, अमर उजाला
विज्ञापन
1 of 11
मुकेश अंबानी - फोटो : अमर उजाला
वैसे तो भारत के सबसे अमीर शख्स रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी हैं। लेकिन वित्त वर्ष- 2019 के कैपिटलाइन के आंकड़ों के अनुसार, देश में 10 ऐसे उद्योगपति हैं जिनकी सैलरी मुकेश अंबानी से भी ज्यादा है। आइए जानते हैं इनके बारे में। 
विज्ञापन

2 of 11
पवन मुंजाल - फोटो : अमर उजाला
हीरो मोटोकॉर्प के सीएमडी पवन मुंजाल की सालाना सैलरी सबसे अधिक है। उनका एक साल का पैकेज 80.41 करोड़ रुपये का है। 
विज्ञापन

3 of 11
एसएन सुब्रमण्यम - फोटो : अमर उजाला
एलएंडटी के मैनेजिंग डायरेक्टर एस एन सुब्रहमण्यम का सालाना पैकेज 48.45 करोड़ रुपये का है।

4 of 11
राजीव बजाज - फोटो : अमर उजाला
बजाज ऑटो के एमडी राजीव बजाज भी मुकेश अंबानी से ज्यादा कमाते हैं। उनकी सालाना आय 32.31 करोड़ रुपये है।
विज्ञापन

5 of 11
सुनील भारती मित्तल - फोटो : अमर उजाला
भारती एयरटेल के चेयरमैन सुनील भारती मित्तल का सालाना पैकेज 31 करोड़ रुपये का है।
विज्ञापन

6 of 11
नवीन अग्रवाल - फोटो : अमर उजाला
वेदांता के कार्यकारी निदेशक नवीन अग्रवाल सालाना 30.71 करोड़ रुपये कमाते हैं। 
विज्ञापन

7 of 11
आर शंकर रमन - फोटो : अमर उजाला
एल एंड टी के सीएफओ आर शंकर रमन का वेतन भी मुकेश अंबानी से कई ज्यादा है। वे सालाना 25.08 करोड़ रुपये कमाते हैं। 

8 of 11
सलिल पारेख - फोटो : अमर उजाला
इंफोसिस के सीईओ सलिल पारेख का सालाना पैकेज 24.67 करोड़ रुपये का है। 

9 of 11
वेणु श्रीनिवासन - फोटो : अमर उजाला
टीवीएस मोटर कंपनी के सीएमडी वेणु श्रीनिवासन की सैलरी भी मुकेश अंबानी से ज्यादा है। उनका सालाना पैकेज 23.77 करोड़ रुपये का है।

10 of 11
निखिल मेसवानी - फोटो : अमर उजाला
रिलायंस के ईडी निखिल मेसवानी की सैलरी भी मुकेश अंबानी से ज्यादा है। उनका सालाना पैकेज 20.57 करोड़ रुपये का है। वहीं रिलायंस के एग्जीक्युटिव डायरेक्टर हितल मेस्वानी की सालाना सैलरी भी 20.57 करोड़ रुपये ही है।
विज्ञापन

11 of 11
मुकेश अंबानी - फोटो : अमर उजाला
रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी का सालाना पैकेज 15 करोड़ रुपये है। 

यह भी पढ़ें: नीति आयोग के उपाध्यक्ष बोले: 70 साल में सबसे खराब दौर में अर्थव्यवस्था
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें