Biswajit Podder
बिस्वजीत ने बताया कि दूसरी मुलाकात के बाद लड़की सहज हो गई और कभी-कभार उन्हें देखकर मुस्कुरा रही थी। उसने अपना फोन नंबर देने की भी कोशिश की मगर माता-पिता के पास बैठे होने की वजह से ऐसा कर नहीं पाई। अब उस लड़की को ढूंढ़ने के लिए बिस्वजीत ने कोन्नगर से लेकर बाली तक के रास्ते में कुल 4000 पोस्टर लगाए हैं। उसमें उन्होंने अपना नाम, पता और फोन नंबर भी लिखा ताकि जब भी वह लड़की उन पोस्टर्स को देखे, फौरन उनसे कॉन्टैक्ट कर सके।