जब से लोगों के ये बात पता चली है कि यहां आलू-प्याज के दाम पर काजू मिलता है तब से यहां लोगों का आना-जाना लगा है। वैसे हैरानी तो आपको भी हो रही होगी कि काजू इतना सस्ता कैसे हो सकता है..? दरअसल, इसके पीछे एक कारण छुपा हुआ है। जब तक आप उसे नहीं जान लेंगे, तब तक आपको काजू के सस्ता होने का कारण नहीं पता चलेगा।
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काजू सेहत के लिए गुणकारी है लेकिन पैकेट की सेहत के लिए बहुत ही बेकार है। वो क्या है कि ये पैकेट में बंद होते ही इतना महंगा जो हो जाता है। आप शायद ये बात नहीं जानते होंगे की अधिकांश जगहों पर ऊंची कीमतों पर मिलने वाला काजू भारत के ही एक शहर में कौड़ियों के भाव बिकता है। इसे कोई मजाक मत समझना। आपको शायद यकीन न हो कि भारत के इस शहर में बाजार में 800 रुपए से 1000 रुपए प्रतिकिलो बिकने वाला काजू मात्र 30 से 50 रुपये किलो में बिकता है।
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काजू इतना सस्ता मिलने का ये है कारण
झारखण्ड राज्य के जामताड़ा जिले में काजू के दाम आलू-प्याज और अन्य सब्जियों के जितने ही है। चलो मान लिया जाए कि यहां इतना सस्ता काजू मिलता है, लेकिन इसके पीछे का कारण क्या है? इतनी महंगी बिकने वाली ये चीज आखिर यहां इतनी सस्ती क्यों..? गौरतलब हो झारखण्ड में हर साल हजारों टन काजू पैदा किया जाता है। जामताड़ा जिला मुख्यालय से लगभग चार किलोमीटर की दूरी पर पूरे 49 एकड़ के विशाल भू भाग पर काजू की खेती की जाती है। यहां ड्राई फ्रूट के बड़े-बड़े बागान हैं।
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the greengrocer's
इन बागानों में काम करने वाले लोग इन्हें बेहद सस्ते भाव पर बेच देते हैं। हैरान कर देने वाली बात ये हैं कि इसके बावजूद काजू हमें महंगा ही मिलता है। काजू महंगा होने के चलते देश के अन्य प्रांतों में भी किसान ज्यादातर ड्राई फ्रूट की खेती करना चाहते हैं। बढ़ती कीमत उनके इस झुकाव का कारण बन गया है।
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सरकार इस खेती के लिए अभी तक मूलभूत सुविधाएं भी मुहैया कराने में असमर्थ रही है, लेकिन फिर भी किसान खुश हैं। जामताड़ा के लोगों का कहना है कि कुछ साल पहले जामताड़ा के एक्स डिप्टी कमिश्नर यहां आए और उन्होंने उड़ीसा के कृषि वैज्ञानिकों से भू परिक्षण कराकर यहां ड्राई फ्रूट की खेती शुरू कराई। कुछ ही सालों में यहां काजू की खेती तो खूब अच्छी होने लगी पर इस विशाल काजू बागान में सुरक्षा और निगरानी के कोई खास इंतजाम न होने की वजह से काफी फसल या तो चोरी हो जाती या बागान के मजदूर औने-पौने दाम में बेचने लगे।
साथ ही इनलोगों का कहना है कि अगर सरकार इनलोगों के लिए कुछ प्रयास करे तो इन्हें काफी मुनाफा मिल सकता है। अगर आप भी खरीदना चाहते है काजू को बेहद सस्ते दामों में तो पहुंच जाईए इस शहर और भर पेटी खरीदर ले आइए।