प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : सोशल मीडिया
दरअसल, सडन कार्डियक डेथ (एससीडी) के बाद एक व्यक्ति के शरीर में रक्त संचार बंद हो गया था और दिल भी काम करना बंद कर दिया था। ड्यूक यूनिवर्सिटी के डॉक्टर्स ने इस मतक के दिल को ऑक्सीजन, इलेक्ट्रोलाइट्स और ब्लड देकर फिर से धड़कन शरू कर दी। जिसके बाद इस दिल को एक अन्य व्यक्ति के शरीर में प्रत्यारोपित किया गया। प्रत्यारोपण से पहले डॉक्टर्स की टीम ने दिल को धड़काने का वीडियो रिकॉर्ड किया जो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।