El Nino: विश्व मौसम विज्ञान संगठन (WMO) ने हाल ही में एक रिपोर्ट जारी की है। इसने दुनिया भर के पर्यावरणविदों और सरकार के लिए चेतावनी है। डब्ल्यूएमओ की तरफ से आधिकारिक पुष्टि की गई है कि प्रशांत महासागर में अल-नीनो की स्थितियां तेजी से बन रही हैं। यह मौसमी बदलाव वैश्विक तापमान और मानसून के पैटर्न को आने वाले महीनों में बदल देगा। वैज्ञानिकों के पूर्वानुमान मॉडल के मुताबिक, 2026 में आने वाला यह अल-नीनो सामान्य नहीं होगा, बल्कि इसके मध्यम से लेकर अधिक शक्तिशाली होने की संभावना है।
वैज्ञानिकों का यह संकट भूमध्यरेखीय प्रशांत महासागर के पानी के असामान्य रूप से गर्म होने से बढ़ रहा है। संयुक्त राष्ट्र (यूएन) के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने हाल ही में एक वीडियो जारी किया था, जिसमें उन्होंने चेतावनी दी थी। उन्होंने कहा कि पहले से ही गर्म हो रही दुनिया की आग में अल-नीनो घी डालने का काम करेगा। इसके असर बहुत गंभीर होंगे, जो बेहद तेजी से अंतरराष्ट्रीय सीमाओं को पार कर वैश्विक अर्थव्यवस्था, स्वास्थ्य और कृषि व्यवस्था को तहस-नहस कर सकते हैं।