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Strange Solar Waves: सूरज से निकल रही हैं रहस्यमयी लहरें, फेल हो गए फिजिक्स के नियम!

Thu, 31 Mar 2022 04:21 PM IST
धर्मेंद्र सिंह फीचर डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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सूरज से निकल रही हैं रहस्यमयी लहरें - फोटो : NASA/SDO
Strange Solar Waves: सूरज के बारे में रिसर्च करने वाले वैज्ञानिकों को एक हैरान करने वाली जानकारी मिली है। वैज्ञानिकों ने शोध के दौरान पाया कि सूरज से रहस्यमयी लहरें निकल रही हैं। हालांकि पहले वैज्ञानिकों को इसके बारे में जानकारी नहीं थी। सूरज से निकलने वाली लहर की वैज्ञानिकों ने जांच के लिए गणना की, तो वो हैरत में पड़ गए। 

दरअसल, सूरज से निकलने वाली रहस्यमयी लहरें बाहर निकलने के बाद फिर अंदर चली जाती हैं, जबकि लहरें बाहर की ओर आती हैं। यह भौतिक नियमों के खिलाफ है। सूरज से निकलने वाली इन लहरों की गति तीन गुना तेज है। सूरज की प्लाज्मा लहरों के बहाव से उलट ये रहस्यमयी लहरें चल रही हैं। इस एकॉस्टिक वेव्स से आवाजें भी आ रही हैं जिसे वैज्ञानिक हाई-फ्रिक्वेंसी रेट्रोग्रेड वॉर्टिसिटी वेव्स भी कह रहे हैं। इन लहरों पर की गई स्टडी नेचर एस्ट्रोनॉमी में प्रकाशित की गई है।

सूरज की ज्वलनशील गहराइयों में नहीं देखा जा सकता है, इसलिए वैज्ञानिक एकॉस्टिक वेव्स की गतिविधियों पर नजर रखते हैं। अपने कोर से निकलने वाली एकॉस्टिक लहरें सूरज की सतह पर तैरती रहती हैं और वहीं लौट जाती हैं। कई बार वो कैनवस की बॉल की तरह बाउंस बैक भी हो जाता है। 
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सूरज से निकल रही हैं रहस्यमयी लहरें - फोटो : Pixabay

वैज्ञानिकों ने हाई-फ्रिक्वेंसी रेट्रोग्रेड की गणना करने के लिए 25 साल के डेटा का इस्तेमाल किया है। वैज्ञानिकों ने अंतरिक्ष और ग्राउंड-बेस्ड टेलिस्कोप की मदद से इनकी जांच की है। इस दौरान वैज्ञानिकों को पता चला कि उनसे बड़ी गलती हो रही है। 
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सूरज से निकल रही हैं रहस्यमयी लहरें - फोटो : Pixabay
न्यूयॉर्क यूनिवर्सिटी के अबु धाबी सेंटर फॉर स्पेस साइंस में एस्ट्रोफिजिसिस्ट श्रवण हनासोगे का कहना है कि हाई-फ्रिक्वेंसी रेट्रोग्रेड की मौजूदगी, उनका उत्पत्ति एक ऐसा रहस्य है जो सच है। सबसे बड़ी बात है कि यह कोई कल्पना नहीं है। 

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सूरज से निकल रही हैं रहस्यमयी लहरें - फोटो : Pixabay
श्रवण हनासोगे ने बताया कि इन रहस्यमयी लहरों पर रिसर्च करने के बाद सूरज की उस प्रकृति के बारे में पता लगाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि इसके बारे में अभी तक किसी ने सोचा नहीं था और न ही कोई स्टडी हुई थी। उन्होंने कहा कि हम सूरज की आंतरिक संरचना से जुड़ी जानकारी हासिल कर सकते हैं। 
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सूरज से निकल रही हैं रहस्यमयी लहरें - फोटो : iStock

उन्होंने बताया कि पहले वैज्ञानिक सोचते थे कि कोरियोलिस इफेक्ट के कारण सूरज की सतह पर एकॉस्टिक सौर लहरें बनती हैं। अगर किसी ग्रह के भूमध्यरेखा की गति उसके ध्रुवों की गति से तेज होती है, तो इसको कोरियोलिस इफेक्ट कहा जाता है। 
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सूरज से निकल रही हैं रहस्यमयी लहरें - फोटो : iStock
जब सौर लहरें निकलती होगीं, तो उसके हाई-फ्रिक्वेंसी रेट्रोग्रेड बनके तीन कारण हो सकते हैं। इन तीन वजहों में सूरज की चुंबकीय शक्ति, कोरियोलिस इफेक्ट और अत्यधिक कनवेक्शन करेंट्स शामिल हैं। इन तीनों के मिलने से ये रहस्यमयी लहरें बन सकती हैं जिसकी वजह से ये लहरें तीन गुना तेजी चल रही हैं। हालांकि अभी यह स्पष्ट नहीं है कि इन तीनों की वजह से ऐसा हो रहा है। 
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सूरज से निकल रही हैं रहस्यमयी लहरें - फोटो : iStock
एस्ट्रोफिजिसिस्ट क्रिस हैन्सन का कहना है कि इन तीनों वजहों से ही हाई-फ्रिक्वेंसी रेट्रोग्रेड लहरें बन सकती हैं। हालांकि उन्होंने भी यही कहा है कि यह स्पष्ट तौर पर नहीं कह सकते हैं, क्योंकि वैज्ञानिकों ने इन रहस्यमयी लहरों की गणना नहीं की है। न्यूयॉर्क यूनिवर्सिटी के अबु धाबी सेंटर फॉर स्पेस साइंस में क्रिस हैन्सन एस्ट्रोफिजिसिस्ट हैं। 
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