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Mysterious World: यहां समुद्र में हजारों फीट नीचे मिली रहस्यमयी दुनिया, रहते हैं ये खतरनाक जीव

Fri, 28 Oct 2022 12:05 PM IST
धर्मेंद्र सिंह फीचर डेस्क, अमर उजाला
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यहां समुद्र में हजारों फीट नीचे मिली रहस्यमयी दुनिया - फोटो : Facebook/Nekton Maldives Mission
Mysterious World: दुनिया में आए दिन नई-नई खोज होती है। कभी-कभी ऐसी खोज की जाती है जिसके बारे में जानकर लोग हैरान हो जाते हैं। अब गोताखोरों ने एक रहस्यमयी और अनोखी दुनिया (Mysterious World) की खोज की है। दरअसल, हिंद महासागर (Indian Ocean) में सतह से 1640 फीट गहरे समुद्र में एक बेहद अनोखे ईकोसिस्टम (Ecosysytem) की खोज हुई है। 

सबसे हैरानी वाली बात यह है कि यहां पर बेहद खतरनाक और भूखी शार्क मछलियां रहती हैं। इस क्षेत्र का वैज्ञानिकों ने ट्रैपिंग जोन नाम रखा है। इस अनोखी दुनिया को मालदीव के गहरे समुद्री ज्वालामुखी साथो राहा के पास खोजा गया है जो बेहद प्राचीन और विलुप्त ज्वालामुखी है। साथो राहा बनते समय अचानक समुद्र तल से 4921 फीट ऊपर उठ गया था। इस जगह पर मछलियों और शार्क के झुंड रहते हैं जो छोटे-छोटे समुद्री जीवों के प्रति बेहद आक्रामक नजर आते हैं। इन समुद्री जीवों को माइक्रोनेक्टन का नाम दिया गया है। आइए जानते हैं इस अनोखी दुनिया के बारे में...
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यहां समुद्र में हजारों फीट नीचे मिली रहस्यमयी दुनिया - फोटो : iStock
ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी (Oxford University) के मरीन ईकोलॉजिस्ट एलेक्स रोजर्स (Alex Rogers) ने इस अनोखी दुनिया के बारे में बताया है। उन्होंने कहा है कि ट्रैपिंग जोन में अलग तरह के ईकोसिस्टम के सभी लक्षण हैं जो मालदीव में जीवन की एक नई जगह का निर्माण कर रहा है। उन्होंने संभावना जताई है कि ऐसी जगहें दूसरे समुद्री द्वीपों और महाद्वीपों की ढलानों पर भी हो सकती हैं। 
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यहां समुद्र में हजारों फीट नीचे मिली रहस्यमयी दुनिया - फोटो : Pixabay
गोताखोरों ने इस नए ईकोसिस्टम की खोज नेक्टन मालदीव मिशन के हिस्से के तौर पर की थी। इस मिशन के तहत रहस्यमयी इलाकों का सर्वे किया जाएगा और उन्हें डॉक्यूमेंट किया जाएगा। इसके लिए मालदीव के 20 प्राकृतिक एटोल के नजदीक समुद्री सतह से 3,300 फीट नीचे सबमरीन्स को भेजा रहा है। 

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यहां सुमद्र में हजारों फीट नीचे मिली रहस्यमयी दुनिया - फोटो : Pixabay
इस इलाके में छोटे-छोटे समुद्री जीवों के अलावा शिकारी ट्यूना मछली, गहरे पानी की स्पाइकी ओरियो, अल्फोन्सिनो और शार्क जैसी बड़ी मछलियां रहती हैं। जब सबमरीन की रोशनी मछलियों के झुंड पर पड़ी तो गोताखोरों को टाइगर शार्क, सिक्सगिल शार्क, सैंड टाइगर शार्क, डॉग फिश, गल्पर शार्क, स्कैलप्ड हैमरहेड शार्क, सिल्की शार्क और दुर्लभ ब्रम्बल शार्क नजर आईं। वैज्ञानिकों ने समुद्री जीवों की तस्वीरें कैमरे में कैद की हैं और उनके नमूने इकट्ठा किए। 
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यहां समुद्र में हजारों फीट नीचे मिली रहस्यमयी दुनिया - फोटो : Pixabay
वैज्ञानिकों का कहना है कि इस इलाके का विस्तार से अध्ययन किया जाएगा। तब हम जान सकते हैं कि इस इलाके में अजीबोगरीब ईकोसिस्टम का कैसे विकास हुआ है। यह जानकारी हासिल की जा सकती है कि छोटे-छोटे समुद्री जीवों को कैसे संरक्षित किया जा सकता है। इन जीवों के भोजन यानी प्लैंक्टन के लिए जलवायु परिवर्तन खतरा है। 

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यहां समुद्र में हजारों फीट नीचे मिली रहस्यमयी दुनिया - फोटो : Pixabay
माइक्रोनेक्टन मालदीव के लिए बेहद जरूरी हैं। यहां पर्यटन के बाद मछली व्यापार सबसे बड़ा उद्योग है। अमेरिकी जियोलॉजिकल सर्वे में कहा गया है कि अगर जलवायु परिवर्तन ऐसे ही जारी रहा, तो साल 2050 तक लगभग 80 फीसदी मालदीव निर्जन हो जाएगा।
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