फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Science: धरती के घूमने की गति हुई तेज, 24 घंटे का नहीं होगा दिन, पृथ्वी के एक हिस्से पर ही दिखेगा चांद

Fri, 04 Jul 2025 04:36 PM IST
धर्मेंद्र सिंह फीचर डेस्क, अमर उजाला

सार

Science News: आने वाले दिनों में धरती में एक बड़ा बदलाव होने जा रहा है। शोधकर्ताओं को एक अध्ययन में पता चला है कि पृथ्वी की घूर्णन गति बीते पांच साल से बढ़ रही है। साल 2020 से पृथ्वी अपनी धुरी पर सामान्य से ज्यादा तेजी से घूम रही है।
विज्ञापन
1 of 5
धरती के घूमने की गति हुई तेज, 24 घंटे का नहीं होगा दिन, पृथ्वी के एक हिस्से पर ही दिखेगा चांद - फोटो : Freepik
Science News: आने वाले दिनों में धरती में बड़ा होने वाला है। शोधकर्ताओं को एक अध्ययन में पता चला है कि पृथ्वी की घूर्णन गति बीते पांच साल से बढ़ रही है। साल 2020 से पृथ्वी अपनी धुरी पर सामान्य से ज्यादा तेजी से घूम रही है। इसके कारण दुनिया इतिहास के सबसे छोटे दिन का अनुभव कर सकती है। इसका मतलब यह है कि दिन 24 घंटे से कम का होगा। यह सबसे छोटा दिन इस साल जुलाई या अगस्त में हो सकता है। 

खगोल वैज्ञानिक ग्राहम जोन्स ने तीन तारीख बताई हैं, जो सबसे छोटे दिन होंगे। यह साल 2025 में 9 जुलाई या 22 जुलाई या फिर अगले महीने अगस्त की 5 तारीख को हो सकती है। वैज्ञानिक मानते हैं कि चंद्रमा की कक्षा से धरती पर प्रभाव के कारण ऐसा होगा। उनका कहना है कि यह दिन सामान्य दिन से 1.66 मिली सेकंड से अधिक छोटा होगा। 
 
विज्ञापन

2 of 5
धरती के घूमने की गति हुई तेज, 24 घंटे का नहीं होगा दिन, पृथ्वी के एक हिस्से पर ही दिखेगा चांद - फोटो : Freepik
आखिर क्यों हो रहा है छोटा दिन?

एक सौर दिन ठीक 24 घंटे तक चलना चाहिए, लेकिन पृथ्वी का घूर्णन कभी भी पूरी तरह से स्थिर नहीं रहा है। अध्ययन के मुताबिक, 2020 में पृथ्वी तेजी से घूमने लगी, जिससे दिन का समय घट गया है। हालांकि, पृथ्वी के तेजी से घूमने की वजह के बारे में वैज्ञानिकों को नहीं पता है। साल 2021 में एक दिन छोटा दर्ज किया गया, जो सामान्य से 1.47 मिलीसेकंड कम था, तो वहीं 2022 में 1.59 मिलीसेकेंड घट गया। फिर 5 जुलाई, 2024 को नया रिकॉर्ड बन गया। यह 24 घंटों से 1.66 मिली सेकंड कम रहा।
 
विज्ञापन

3 of 5
धरती के घूमने की गति हुई तेज, 24 घंटे का नहीं होगा दिन, पृथ्वी के एक हिस्से पर ही दिखेगा चांद - फोटो : Freepik
वैज्ञानिकों ने बताया है कि साल 2025 में 9 जुलाई, 22 जलाई या 5 अगस्त अनुमानित तारीख हैं। उनका कहना है कि जब चंद्रमा की कक्षा पृथ्वी के भूमध्य रेखा से सबसे दूर होती है, तो पृथ्वी पर प्रभाव पड़ता है। दिन 24 घंटे से कम का हो जाता है।

Viral Video: 'कयामत-कयामत' गाने पर प्रोग्राम देख रहे थे गांव वाले, तभी अचानक से ही मिनटों में सब हुए गायब

4 of 5
धरती के घूमने की गति हुई तेज, 24 घंटे का नहीं होगा दिन, पृथ्वी के एक हिस्से पर ही दिखेगा चांद - फोटो : Freepik
अध्ययन के मुताबिक, चंद्रमा के कारण अरबों वर्षों से पृथ्वी के घूमने की गति धीमी हो रही है। 4.5 अरब साल पहले पृथ्वी पर एक दिन तीन से छह घंटे तक हो सकता था, लेकिन चंद्रमा के गुरुत्वाकर्षण खिंचाव की वजह से पृथ्वी पर 24 घंटे का दिन है।

Viral Video: बच्चों को बचाने के लिए उफनती नदी में कूद गया पिता, फिर जो हुआ वीडियो देखकर हो जाएंगे भावुक
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
धरती के घूमने की गति हुई तेज, 24 घंटे का नहीं होगा दिन, पृथ्वी के एक हिस्से पर ही दिखेगा चांद - फोटो : Freepik
क्या यह चिंतित करने वाला है? 

दिन में कुछ मिली सेकंड की कमी होने से सामान्य जीवन पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता है। हालांकि, तकनीक और दूरसंचार के लिए यह काफी अहम है। वैज्ञानिक मानते हैं कि अगर पृथ्वी की यह प्रवृत्ति ऐसे ही चलती रही है, लगभग 50 अरब वर्षों में पृथ्वी का घूर्णन चंद्रमा की कक्षा के साथ तालमेल बिठा लेगा। तब हमेशा चंद्रमा सिर्फ पृथ्वी एक ही हिस्से पर नजर आएगा। उस समय तक धरती पर और भी कई बदलाव हो चुके होंगे। 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें