प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Pixabay
साल 2018 में पहली बार यह मामला तब सामने आया था, जब मिलिट्री कमिश्नर ऑफिस से कोर्ट में इस शादी को रद्द करने की याचिका दायर की गई थी। सेना के अनुसार, अलेक्जेंडर ने जो दस्तावेज दिखाए, वो फर्जी हैं। लेकिन जांच में यह पाया गया कि इस दंपति ने पास के गांव में शादी की थी।