Maruti Suzuki Victoris
- फोटो : Maruti Suzuki
घरेलू ट्रेंड का असर अब निर्यात पर भी
जिस तरह भारतीय बाजार में एसयूवी और मल्टी-यूटिलिटी व्हीकल्स की मांग लगातार बढ़ी है। वही ट्रेंड अब निर्यात आंकड़ों में भी साफ नजर आ रहा है। खास बात यह है कि पहली बार कार खरीदने वाले ग्राहकों में भी एसयूवी की लोकप्रियता बढ़ी है। इसी मांग के चलते भारत में बनी यूटिलिटी गाड़ियां अब विदेशी बाजारों में भी तेजी से जगह बना रही हैं।
यह भी पढ़ें - Bharat Taxi: अमित शाह ने कहा- 'भारत टैक्सी' का मुनाफे सीधे ड्राइवरों को मिलेगा, यात्रियों की बढ़ेगी सुविधा
नवंबर में टूटा पुराना रिकॉर्ड
नवंबर का महीना इस बदलाव का सबसे बड़ा सबूत बनकर सामने आया। पहली बार ऐसा हुआ जब भारत से निर्यात होने वाले यूटिलिटी व्हीकल्स की संख्या पैसेंजर कारों से ज्यादा रही। इस महीने यूटिलिटी व्हीकल्स के 42,993 यूनिट्स विदेश भेजे गए, जबकि पैसेंजर कारों का आंकड़ा 40,519 यूनिट्स पर रहा। इससे भारत के ऑटो निर्यात का संतुलन साफ तौर पर यूटिलिटी व्हीकल्स की ओर झुक गया।
यह भी पढ़ें - Detroit: 2026 में मजबूती के साथ एंट्री कर रही हैं Ford और GM, लेकिन बदलती ऑटो इंडस्ट्री बन सकती है सबसे बड़ा खतरा