सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) ने नियमित व्हीकल रजिस्ट्रेशन (वाहन पंजीकरण) को भारत सीरीज (BH) नंबरों में बदलने की अनुमति देने का प्रस्ताव दिया है।
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) ने नियमित व्हीकल रजिस्ट्रेशन (वाहन पंजीकरण) को भारत सीरीज (BH) नंबरों में बदलने की अनुमति देने का प्रस्ताव दिया है। सरकार ने BH सीरीज इकोसिस्टम के दायरे को बढ़ाने के उपायों के तहत यह प्रस्ताव रखा है।
इस समय सिर्फ नए वाहन ही BH सीरीज मार्क का विकल्प चुन सकते हैं।
एक मसौदा अधिसूचना में, MoRTH ने भारत (BH) सीरीज रजिस्ट्रेशन मार्क को कंट्रोल करने वाले नियमों में प्रस्तावित संशोधनों के बारे में बताया है। बीएच सीरीज को उन लोगों के लिए शुरू किया गया था जो ऐसी नौकरियों में हैं जहां उनका ट्रांसफर हो सकता है।
अधिसूचना के मुताबिक, अन्य बदलावों के अलावा, बीएच सीरीज रजिस्ट्रेशन मार्क वाले वाहनों को अन्य व्यक्तियों को ट्रांसफर (स्थानांतरित) करने की सुविधा दी गई है, जो बीएच सीरीज के पात्र हों या न हैं।
विज्ञापन
2 of 3
BH Series Number Plate
- फोटो : For Reference Only
अधिसूचना में कहा गया है कि "इस समय रेगुलर पंजीकरण मार्क वाले वाहनों को भी बीएच सीरीज पंजीकरण मार्क में बदला जा सकता है, जो आवश्यक टैक्स के भुगतान के अधीन है, जो बाद में बीएच सीरीज पंजीकरण मार्क के लिए पात्र बनने वाले व्यक्तियों की सुविधा के लिए है।"
मंत्रालय ने नागरिक को जीवन में और आसानी प्रदान करने की दृष्टि से या तो निवास स्थान या कार्य स्थान पर बीएच सीरीज के लिए आवेदन जमा करने के लिए लचीलापन प्रदान करने के लिए नियम 48 में संशोधन का प्रस्ताव किया है।
इसमें यह भी कहा गया है कि दुरुपयोग को रोकने के लिए निजी क्षेत्र के कर्मचारियों द्वारा पेश किए जाने वाले वर्किंग सर्टिफिकेट को और मजबूत किया गया है।
राज्यों में व्यक्तिगत वाहनों के निर्बाध हस्तांतरण को सुनिश्चित करने के लिए, पिछले साल सितंबर में, सड़क परिवहन मंत्रालय नए वाहनों के लिए एक नया पंजीकरण मार्क - भारत सीरीज (बीएच सीरीज) लेकर आया था।
इस संबंध में, सरकार ने एक नई वाहन पंजीकरण व्यवस्था को अधिसूचित किया था जो वाहन मालिकों को एक राज्य / केंद्र शासित प्रदेश से दूसरे में ट्रांसफर होने पर उन्हें दोबारा पंजीकरण की प्रक्रिया से नहीं गुजरना पड़ेगा।
MoRTH ने एक बयान में कहा था, " भारत सीरीज (बीएच सीरीज)' के तहत यह वाहन पंजीकरण सुविधा रक्षा कर्मियों, केंद्र सरकार/राज्य सरकार/केंद्र/राज्य सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों के कर्मचारियों और निजी क्षेत्र की कंपनियों/संगठनों के लिए स्वैच्छिक आधार पर उपलब्ध होगी, जिनके कार्यालय चार या अधिक राज्यों / केंद्र शासित प्रदेशों में हैं।"
अब तक 24 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों ने वाहन पंजीकरण के लिए नई भारत सीरीज (बीएच-सीरीज) शुरू की है और अब तक राज्यों में 20,000 से ज्यादा वाहनों का पंजीकरण किया जा चुका है।