Volvo Cars India (वॉल्वो कार्स इंडिया) ने अपनी सभी कारें को BS6 (भारत स्टेज-6) ईंधन उत्सर्जन मानकों के अनुरूप कर दिया है। कंपनी ने बताया है कि उसके प्रोडक्शन प्लांट में जितनी भी कारें असेंबल की जा रही हैं या जिनका भी आयात किया जा रहा है, वह सभी कारें BS6 के अनुरूप हैं। Volvo Cars India भारतीय बाजार में XC40, XC60, XC90, V90 और S90 जैसी कारों की बिक्री करती है।
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Volvo XC90
वॉल्वो कार्स इंडिया के प्रबंध निदेशक चार्ल्स फ्रंप ने कहा, "BS4 से BS6 में बदलाव करना काफी चूनौतीपूर्ण रहा, खास तौर पर 2019 में Auto industry (वाहन उद्योग) के प्रदर्शन को देखते हुए। मुझे मेरी टीम और सहयोगियों पर गर्व है जिनकी वजह से अंतिम तारीख से पहले हम यह बदलाव पूरा करने में सक्षम रहे।"
उन्होंने कहा कि अपने ग्राहकों के लिए चालू वित्त वर्ष में कंपनी BS6 मानक की वॉल्वो कार खरीदने वाले ग्राहकों के लिए कीमत में कोई बढ़ोत्तरी नहीं की गई है। यह ऑफर 31 मार्च 2020 तक के लिए है।
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Volvo XC90
क्या है डेडलाइन
गौरतलब है कि 1 अप्रैल 2020 से देशभर में BS6 मानकों वाली गाड़ियों ही बिकेंगी। भारत सरकार ने एक अप्रैल की डेडलाइन तय की है। इस तारीख से BS4 मानकों वाली गाड़ियां नहीं बिकेंगी। तमाम वाहन निर्माता कंपनियां अपने पोर्टफोलियो की विभिन्न गाड़ियों कार, मोटरसाइकिल, स्कूटर को BS6 मानकों के मुताबिक बदल रही हैं।
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Volvo XC60
क्या है BS6
BS का मतलब है भारत स्टेज। यह वायु प्रदूषण फैलाने वाले मोटर वाहनों सहित सभी इंजन वाले उपकरणों के लिए मानक के रूप में तय किया गया है। बताया जा रहा है कि BS6 ग्रेड के ईंधन से प्रदूषण में कमी होगी। BS6 गाड़ियों के आने से कार्बन उत्सर्जन में कमी आएगी। BS6 ईंधन से पर्टिकुलेट मैटर में इनकी 20 से 40 एमजीसीएम तक ही हिस्सेदारी रहेगी। इसके साथ ही बीएस6 ईंधन से 10 पीपीएम ही सल्फर का उत्सर्जन होगा।
केंद्र सरकार ने BS की शुरुआत वर्ष 2000 में की थी। इसके विभिन्न मानदंडों समय और मानकों के अनुसार, पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन के मंत्रालय के तहत आने वाले केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से लाया गया है। भारत चरण (बीएस) मानदंड यूरोपीय नियमों पर आधारित है।