हममें से ज्यादातर लोग कार खरीदते समय सेफ्टी का ध्यान नहीं रखते हैं। कई बार हमें यह भी सुना होगा कि महंगी कार भी क्रैश टेस्टिंग में फेल हो गई। लेकिन हम कार की सेफ्टी पर फोक्स न करके कार के अन्य फीचर पर ज्यादा केंद्रित होते हैं। कई बार सस्ती कार के विकल्प में हम अपनी जान से खिलवाड़ कर बैठते हैं, इसलिए भारत ने सड़क दुर्घटनाओं में हर साल लाखों लोग जान गवा देते हैं। आइए आपको बतातें है कार सेफ्टी के बार में कुछ बातें...
विज्ञापन
2 of 5
कुछ दिनों पहले ट्विटर पर फोर्ड ने कार सेफ्टी को लेकर एक सर्वे किया था। सर्वे में पता चला कि कार खरीदते समय लोगों की प्राथमिकता कार सेफ्टी नहीं होती है।
विज्ञापन
3 of 5
सर्वे में 70 फीसदी लोगों ने माना कि सेफ्टी उनका पहली प्राथमिकता नहीं होती है और सर्वे में शामिल लोग पढ़े लिखे थे।
4 of 5
हममें से ज्यादातर लोगों का मानना है कि एयरबैग किसी काम के नहीं होते हैं। यह सब मार्केटिंग का हथकंडा होता है।
हमने एयरबैग के महत्व को समझाने के लिए एक वीडियो लिंक किया है। इस वीडियो में दिखाई दे रहा है कि महज 64 किमी प्रति लीटर की स्पीड पर भी गाड़ी में बैठे व्यक्ति को कितना नुकसान हो सकता है।