फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Vaidhriti Yog 2026: सूर्य-चंद्र का अशुभ वैधृति योग, तीन दिन बाद इन 3 राशियों के जीवन में आएंगी बड़ी परेशानियां

Thu, 19 Feb 2026 10:50 AM IST
श्वेता सिंह ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला

सार

Vaidhriti Yog Ka Rashiyon Par Prabhav: वैधृति योग 21 फरवरी 2026 को सुबह 08:09 बजे से प्रभावी होगा। यह सूर्य और चंद्रमा के विशेष संयोग से बनता है और जीवन में संघर्ष, धनाभाव, स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां और दांपत्य जीवन में असंतुलन ला सकता है। कुछ राशियों पर इसका प्रभाव अधिक गंभीर रहेगा, लेकिन उपाय और सतर्कता से इसके नकारात्मक प्रभाव को कम किया जा सकता है।
विज्ञापन
1 of 5
वैधृति योग - फोटो : adobe stock
Vaidhriti Yog Impact: ज्योतिष शास्त्र के अनुसार वैधृति योग को सबसे अधिक अशुभ और बाधा उत्पन्न करने वाला योग माना जाता है। यह योग सूर्य और चंद्रमा के देशांतर के विशेष संयोग से बनता है और इसके प्रभाव से जीवन में कई तरह की समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। इस योग के दौरान जातक को धन संबंधी कठिनाइयाँ, दांपत्य जीवन में असंतुलन, स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां और मानसिक तनाव का सामना करना पड़ सकता है। इसे ज्योतिषियों द्वारा नकारात्मक शक्तियों को प्रबल करने वाला योग कहा गया है, इसलिए इस समय सतर्क रहना अत्यंत आवश्यक माना जाता है।
Shani Budh Yuti 2026: कई वर्षों बाद शनि-बुध की युति, इन राशि वालों के शुरू होंगे अच्छे दिन
द्रिक पंचांग के अनुसार, वर्ष 2026 में यह योग तीन दिन बाद, यानी शनिवार 21 फरवरी को सुबह 08:09 बजे से उत्पन्न होगा। यह अवधि सभी राशियों पर प्रभाव डालेगी, लेकिन कुछ विशेष राशियों के लिए इसके प्रभाव और अधिक गंभीर होने की संभावना है। इस समय विशेष उपायों और सावधानियों का पालन करने से इस योग के नकारात्मक प्रभाव को कम किया जा सकता है। आइए जानते हैं कि किन 3 राशियों पर वैधृति योग का सबसे अधिक असर पड़ेगा और इसे शांति के साथ पार करने के लिए कौन से उपाय किए जा सकते हैं।
Holashtak 2026: होलाष्टक में इन 6 राशि वालों को रहना होगा सावधान, बढ़ सकती हैं मुश्किलें
विज्ञापन

2 of 5
गुस्से पर नियंत्रण रखना इस समय अत्यंत जरूरी होगा। - फोटो : अमर उजाला
मेष राशि
मेष राशि के जातकों के लिए वैधृति योग इस समय मानसिक दबाव और बेचैनी लेकर आ सकता है। छोटी-छोटी बातों को बड़ा समझने की प्रवृत्ति बढ़ सकती है, जिससे व्यक्तिगत और पेशेवर जीवन में तनाव उत्पन्न हो सकता है। कार्यस्थल पर विरोधियों की सक्रियता बढ़ सकती है और किसी करीबी या सहयोगी के साथ मतभेद भी सामने आ सकते हैं। गुस्से पर नियंत्रण रखना इस समय अत्यंत जरूरी होगा। आर्थिक मामलों में लापरवाही नुकसानदेह साबित हो सकती है, इसलिए किसी भी तरह के बड़े निवेश या धन-लेन-देन को फिलहाल टालना ही बेहतर रहेगा। पारिवारिक माहौल में भी छोटी-छोटी बातों को लेकर तनाव बढ़ सकता है। स्वास्थ्य के मामले में सिरदर्द, थकान या सामान्य कमजोरी परेशान कर सकती है। इस समय धैर्य, संयम और संतुलित सोच ही आपको मुश्किलों से निकालने में मदद करेगी।
विज्ञापन

3 of 5
पुराने विवाद या मुद्दों के कारण तनाव और बहस का माहौल बन सकता है। - फोटो : अमर उजाला
कर्क राशि
कर्क राशि के जातकों के लिए यह योग भावनात्मक उतार-चढ़ाव और अस्थिरता लेकर आएगा। मानसिक स्थिति अस्थिर रहने के कारण निर्णय लेने में कठिनाई महसूस होगी। कार्यक्षेत्र में दबाव बढ़ सकता है और वरिष्ठ अधिकारियों या सहकर्मियों के साथ तालमेल बिगड़ सकता है। पुराने विवाद या मुद्दों के कारण तनाव और बहस का माहौल बन सकता है। धन संबंधी मामलों में रुकावटें आएंगी और उधार दिया पैसा फंस सकता है। पारिवारिक जीवन में गलतफहमियां बढ़ सकती हैं, और जीवनसाथी के साथ संवाद की कमी तनाव का कारण बन सकती है। स्वास्थ्य के प्रति लापरवाही भारी पड़ सकती है, विशेषकर पेट या छाती से जुड़ी समस्याओं में।

4 of 5
पारिवारिक जिम्मेदारियां बढ़ सकती हैं और मानसिक तनाव भी महसूस होगा। - फोटो : अमर उजाला
तुला राशि
तुला राशि के जातकों के लिए वैधृति योग चुनौतीपूर्ण समय लेकर आएगा। इस दौरान की गई योजनाएं अधूरी रह सकती हैं और मेहनत का परिणाम देर से मिलने की संभावना रहेगी। व्यापार में घाटे की आशंका और साझेदारी संबंधी विवाद हो सकते हैं। किसी पर आंख मूंदकर भरोसा करना नुकसानदेह साबित हो सकता है। सामाजिक छवि पर असर पड़ने की संभावना है, इसलिए अपने व्यवहार और निर्णयों में सावधानी रखें। कानूनी मामलों में विशेष सतर्कता जरूरी है। पारिवारिक जिम्मेदारियां बढ़ सकती हैं और मानसिक तनाव भी महसूस होगा। नींद में कमी और थकान इस समय सामान्य हो सकती है। वाहन चलाते समय विशेष सतर्कता रखना लाभदायक रहेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
वैधृति योग के प्रभाव कम करने के लिए करें ये उपाय - फोटो : adobe
वैधृति योग के प्रभाव कम करने के लिए करें ये उपाय 
  • भगवान शिव की श्रद्धा से पूजा करें।
  • शिवलिंग पर जल या दूध अर्पित करें।
  • रुद्राभिषेक कराएं या स्वयं अभिषेक करें।
  • जरूरतमंदों को अन्न, वस्त्र या धन का दान दें।
  • रोजाना महामृत्युंजय मंत्र का कम से कम 108 बार जाप करें।


डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें