मौजूदा समय में ग्रहों के दुर्लभ संयोग के चलते कई तरह का शुभ संयोग बना हुआ है। आपको बता दें कि 22 जून को बुद्धि, वाणी और व्यापार के कारक ग्रह बुध कर्क राशि में गोचर करेंगे। कर्क राशि में पहले से ही देवगुरु बृहस्पति और शुक्र मौजूद हैं। इस तरह से बुध के कर्क राशि में गोचर करने से बुध-शुक्र और गुरु की युति बनी है, जिससे त्रिग्रही योग का निर्माण हुआ है। इन तीन ग्रहों की युति को ज्योतिष में बहुत ही शुभ और प्रभावशाली योग माना जाता है। इसे सरस्वती राजयोग भी कहा जाता है। कर्क राशि में बुध-शुक्र-गुरु की युति से जातकों के बुद्धि, ज्ञान, करियर, सफलता और धन लाभ के बेहतर अवसर प्राप्ति के योग है। इस राजयोग के बनने से कुछ राशि वालों को आने वाले दिन दिनों में अच्छी खबरें सुनने को मिल सकती हैं।