Surya Nakshatra Parivartan 2026: ज्योतिषियों के मुताबिक, ग्रहों के राजा सूर्य का अश्विनी नक्षत्र में गोचर 14 अप्रैल 2026 को होने वाला है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, अश्विनी नक्षत्र के स्वामी छाया ग्रह केतु माने जाते हैं, जो रहस्यमयी के कारक है। ऐसे में जब सूर्य, जो आत्मा, मान-सम्मान और पद प्रतिष्ठा के कारक है, उनके यहां आने से 12 राशियों पर शुभ-अशुभ असर पड़ सकता है। लेकिन कुछ राशि वालों के जीवन में अचानक उतार-चढ़ाव के रूप में देखने को मिल सकते हैं। माना जा रहा है कि, केतु का प्रभाव मानसिक तनाव, निर्णयों में भ्रम और कार्यों में कई तरह की बाधाएं उत्पन्न कर सकता है। ऐसे में यह अवधि किन राशियों के लिए मुश्किलों भरी रहेगी। आइए जानते हैं।
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