आज यानी 22 मई, शुक्रवार को शनि जयंती मनाई जा रही है। हिंदू पंचांग के अनुसार ज्येष्ठ माह की अमावस्या तिथि पर भगवान शनि का जन्म हुआ था। शनि जयंती पर शनिदेव को प्रसन्न और शनिदोषों से मुक्ति के लिए विशेष पूजा की जाती है। शनि जयंती पर दान और स्नान का महत्व है। लॉकडाउन के चलते स्नान और दान करना संभव नहीं है। शनिदेव उन व्यक्तियों पर बहुत ही जल्द प्रसन्न हो जाते है जो गरीबों की सेवा और उनकी जरूरत का ध्यान रखते हुए दान करते हैं।शनि दोषों से छुटकारा पाने और शनिदेव की विशेष कृपा पाने के लिए सभी 12 राशियों के जातकों के लिए शनि जयंती पर कौन सा उपाय करना चाहिए। आइए जानते हैं। शनि जयंती के शुभ अवसर पर कोकिलावन शनि धाम में चढ़ाएं 11 किलों तेल और पाएं अष्टम शनि ,शनि की ढैय्या एवं साढ़े - साती के प्रकोप से छुटकारा